गोहाना। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अधिकारियों ने गावों में जाकर किसानों को खेतों में फसल अवशेष (फांस) न जलाने के बारे में जागरूक करना शुरू कर दिया है। इससे भूमि की उर्वरा शक्ति बनी रहे और पर्यावरण को भी कोई नुकसान न हो। किसानों को चेतावनी दी जा रही है कि यदि किसान फसल अवशेष जलाते हैं तो उन पर जुर्माना भी किया जाएगा। कृषि अधिकारियों का कहना है कि किसान फसल अवशेषों का समुचित प्रबंधन करने के लिए आधुनिक कृषि यंत्रों का उपयोग करें। यदि कोई किसान या व्यक्ति खेतों में फांस जलाता है तो आईपीसी की धारा 188 के तहत 2500 से 15 हजार रुपये तक जुर्माना किया जाएगा। दो एकड़ तक फसल अवशेष जलाने पर 2500 रुपये तक जुर्माना, दो एकड़ से पांच एकड़ तक पांच हजार रुपये तथा पांच एकड़ से अधिक फसल अवशेष जलाने पर 15 हजार रुपये का जुर्माना किया जाएगा।
वर्जन
गांवों में जाकर किसानों को फांस न जलाने के लिए जागरूक किया जा रहा है। अगर कोई किसान फांस जलाता मिला तो उस पर जुर्माना किया जाएगा।
डॉ. राजेंद्र मेहरा, उपमंडल कृषि अधिकारी, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग