मायके सनपेड़ा में आकर सरपंच का चुनाव जीतने वाली मनीषा के पति अमित और अमित के दोस्त सिवानका निवासी रवींद्र को देर रात लल्हेड़ी गांव की पुलिया पर दो युवकों ने बाइक की चॉबी निकालने का विरोध करने पर गोली मार दी। दोनों को गंभीर हालत में निजी अस्पताल में दाखिल करवाया गया, जहां रवींद्र को गंभीर हालत में पीजीआई रोहतक रेफर कर दिया। पुलिस ने लल्हेड़ी निवासी मोनू और उसके साथी के खिलाफ केस दर्ज कर धरपकड़ शुरू कर दी है।
महिला सरपंच के पति भोगीपुर निवासी अमित ने बताया कि देर रात उसके दोस्त सोनीपत के सिवानका गांव निवासी रवींद्र का फोन आया कि वह गन्नौर में है और उसे लल्हेड़ी पावर हाउस में जाना है। वह रवींद्र को लेने गन्नौर आया और उसे लेकर लल्हेड़ी की तरफ निकल गया। रास्ते में लल्हेड़ी कलां की नहर पुलिया के पास पहुंचे तो वहां दो युवक अपनी बाइक पर बैठे थे। अमित ने उनसे पावर हाउस जाने का रास्ता पूछा तो एक युवक ने उनकी बाइक की चाबी निकाल कर फेंक दी और उनके साथ हाथापाई शुरू कर दी। इस बीच अमित ने लल्हेड़ी के युवक मोनू को पहचान लिया। अमित ने उनसे झगड़ा न करने के लिए कहा तो मोनू ने पिस्तौल निकाली और जान से मारने की नीयत से उस पर फायर कर दिया।
गोली अमित के कंधे में लगी। इस बीच अमित का साथी रवींद्र बीच बचाव के लिए आया तो मोनू ने उसके भी पेट में गोली मार दी, जिससे वे दोनों जमीन पर गिर गए। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। इसके बाद अमित ने अपने फोन से परिजनों को जानकारी दी। सूचना पाने के बाद अमित के परिजन मौके पर पहुंचो और उन्हें इलाज के लिए सोनीपत के निजी अस्पताल में ले गए। रवींद्र की गंभीर हालत को देखते हुए उसे रोहतक पीजीआई में रेफर कर दिया। पुलिस ने अमित की शिकायत पर लल्हेड़ी कलां निवासी मोनू व उसके साथी के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।
मायके में आकर सरपंच बनी मनीषा
भोगीपुर गांव निवासी अमित की शादी सनपेड़ा गांव निवासी मनीषा के साथ हुई। शादी के बाद मनीषा ने अपने मायके सनपेड़ा गांव से सरपंच का चुनाव लड़ा और जीत हासिल की। इससे पहले उसके पिता बलबीर गांव से चुनाव लड़ना चाहते थे, लेकिन गांव महिला के लिए आरक्षित होने के कारण वह चुनाव वंचित रह गए। अपने पिता का सपना पूरा करने के लिए मनीषा ने अपने मायके जाकर चुनाव लड़ा।