सोनीपत। सदर थाना क्षेत्र के रायपुर गांव के पास पार्श्वनाथ सिटी में तीन माह पहले हुए डबल मर्डर की फाइल सदर पुलिस से लेकर सीआईए-1 को सौंपी गई है। सीआईए ने इस केस की फाइल मिलते ही दो टीम बनाकर जांच शुरू कर दी है। इस केस में अहम सुराग मृतक दीपांकुर की कार थी जो यूपी से बरामद हुई थी। सदर थाना पुलिस यह सुराग मिलने के बाद भी आगे कोई ठोस सबूत नहीं जुटा पाई थी। जिसके कारण हत्यारोपी अभी तक फरार चल रहे हैं।
पार्श्वनाथ सिटी के डी-ब्लॉक में 9 मार्च की रात को गांव रायपुर निवासी दीपांकुर व हिमांशु के खून से लथपथ शव मिले थे। दोनों का गला रेतने के साथ ही शरीर पर डेढ़ दर्जन से ज्यादा वार कर नृसंश हत्या की गई थी। घटनास्थल पर पुलिस को शराब की बोतल भी मिली थीं तो वहां से दीपांकुर की कार भी गायब मिली थी। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। दीपांकुर के पिता ने पुलिस को बताया था कि वह मोबाइल ठीक कराने की बात कहकर घर से गाड़ी लेकर दोपहर को निकला था। इसके बाद दीपांकुर व हिमांशु का शव पार्श्वनाथ सिटी में मिला। पुलिस ने दीपांकुर के पिता समुंद्र के बयान पर हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी, लेकिन हत्या के तीन माह बीत जाने के बाद भी सदर थाना पुलिस कोई ठोस सबूत नहीं जुटा पाई। पुलिस के इस रवैये के चलते फाइल को सीआईए-1 को सौंपा गया है। सीआईए ने मामले को लेकर दो टीमों को गठन किया है। टीम हत्यारोपियों तक पहुंचने के लिए साइबर सेल की मदद भी ले रही है।
पुलिस ने उठाए थे मोबाइल डंप
पुलिस ने युवकों के पास मिले उनके तीन मोबाइल फोन को कब्जे में लिया था। पुलिस उनकी कॉल डिटेल से पता लगाने का प्रयास किया था कि उनकी किन लोगों से बातचीत हुई है। लेकिन इसमें कोई ठोस सुराग नहीं मिलने पर पुलिस घटना से पहले मौके पर मौजूद लोगों की फोन डिटेल का पता लगाने के लिए मोबाइल डंप भी उठाने की बात सामने आई थी। इसके बावजूद पुलिस तीन माह बाद भी कुछ नहीं कर पाई।
घटना स्थल पर मिले थे झड़प के निशान
वारदात स्थल से एफएसएल व पुलिस की टीमों ने अहम सबूत इकट्ठा किये थे। टीम को मौके पर हत्यारोपियों व दोनों दोस्तों के बीच हुई झड़प के निशान भी मिले थे। वारदात से पहले दोनों पक्षों में जमकर झड़प की बात सामने आई थी। सदर थाना पुलिस ने मृतक की कार को बरामद किया, लेकिन कोई अहम सबूत हाथ नहीं लग पाया था।
पार्श्वनाथ सिटी में हुई दो दोस्तों की हत्या की फाइल उच्च अधिकारियों ने सौंपी है। मामले को लेकर दो टीमों का गठन किया गया है। अहम सबूत एकत्र करने के प्रयास किये जा रहे है। जल्द ही दोनों दोस्तों की हत्या का खुलासा कर दिया जाएगा। नरेंद्रपाल, सीआईए-1 प्रभारी।