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बेटे की हत्या के बाद जान का खतरा, परिवार पलायन कर यूपी पहुंचा

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कुंडली। नेशनल हाईवे पर कुंडली बॉर्डर के पास काम सीखने वाले किशोर की हत्या के बाद पीड़ित परिवार ने घबराकर गांव जांटी कला से पलायन कर दिया है। पीड़ित परिवार घर पर ताला लगाकर यूपी में अपने रिश्तेदारों के पास चला गया है। इसका पता लगने पर क्षेत्र के सामाजिक लोगों ने उन्हें गौरीपुर के पास जाकर रोकने का प्रयास किया, लेकिन उन्होंने जान का खतरा बताकर मना कर दिया। पिता का आरोप है कि उनके गांव में रहने पर उसके दूसरे बेटे की भी हत्या की जा सकती है।
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क्या है पूरा मामला
विदित रहे कि गांव जांटी कला निवासी अमित (17) कुंडली बॉर्डर के पास सीएनजी किट मैकेनिक के पास काम सीखता था। उसके पिता सुभाष ने भी मैकेनिक की दुकान के पास ही चाय की दुकान कर रखी है। 10 जून को दोनों दुकानों पर आए थे। अमित अपनी दुकान से गाड़ी का रेडियेटर निकालकर उसे धुलवाने के लिए पास ही एक दुकान पर गया था। उसके लौटते हुए बाइक और स्कूटी सवार पांच युवकों ने उस पर चाकुओं से हमला कर दिया था। जिससे उसकी मौत हो गई थी।
पुलिस ने अमित के पिता सुभाष के बयान गांव जाटी कलां के पांच लड़कों को नामजद किया था। पुलिस मामले में तीन आरोपियों को पकड़ चुकी है। तीनों आरोपी नाबालिग है।
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मामले में रविवार को अमित की तेरहवीं की रस्म पूरी कर उनके पिता सुभाष ने अपने दूसरे बेटे व वृद्ध मां के साथ गांव से पलायन कर दिया है। वह यूपी में अपने किसी रिश्तेदार के पास जा रहे हैं। गांव से उनके पलायन की सूचना जब कुछ सामाजिक लोगों को लगी तो उन्होंने पता लगाकर यूपी के गौरीपुर मोड़ पर सुभाष व उनके बेटे को रोक लिया। उन्होंने उसे वापस चलने को कहा, लेकिन उन्होंने मना कर दिया।
परिवार को घटना के बाद से ही बना हुआ है खतरा
सुभाष ने आरोप लगाया कि घटना के बाद से ही उन्हें खतरा बना हुआ है। कोई ग्रामीण उनकी मदद को नहीं आया। साथ ही पुलिस भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रही। नाबालिग लड़कों को उठाया गया है, लेकिन अन्य आरोपी फरार है। ऐसे में उन्हें जान का खतरा बना हुआ है।
अंतिम संस्कार में नहीं पहुंचा था कोई ग्रामीण
अमित के पिता सुभाष ने बताया कि उसके बेटे की हत्या के बाद गांव में अंतिम संस्कार किया था। अंतिम संस्कार तक में कोई ग्रामीण नहीं आया था। जिससे वह किसके विश्वास पर गांव में जाकर रहेगा। साथ ही पुलिस मामले में किसी को भी पकड़कर ले आती है और बाद में उसे छोड़ देती। जिससे उसके दुश्मन गांव में बढ़ रहे हैं।
सुभाष ने बताया कि वह सांसद रमेश कौशिक से लेकर मार्केटिंग बोर्ड की चेयरपर्सन कृष्णा गहलावत के आवास तक गुहार लगा चुका है। उसके बाद भी कोई ठोस मदद नहीं मिल सकी।
किशोर की हत्या के मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। उसके परिजनों ने मुझसे कोई संपर्क नहीं किया है। न ही उनके पलायन की सूचना है। उन्हें कोई दिक्कत है तो मुझसे आकर मिले। उन्हें सुरक्षा से लेकर हरसंभव मदद दी जाएगी। -रवींद्र कुमार, थाना प्रभारी कुंडली।
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