अमर उजाला ब्यूरो
गोहाना। गांव खंदराई का राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सुर्खियों में बना हुआ है। स्कूल की नौंवी कक्षा की एक छात्रा के नाम से पुलिस को डाक द्वारा भेजे गए गुमनाम पत्र को लेकर गांव के लोग ही दो गुटों में बंट गए है। एक पक्ष जहां स्टाफ के कुछ सदस्यों का तबादला कराने की मांग पर अडिग है, वहीं दूसरा गुट तबादला न करने की मांग कर रहा है। पुलिस भी इस मामले में कुछ स्पष्ट नहीं बोल रही है।
मंगलवार को गुमनाम पत्र को लेकर दूसरा गुट सामने आ गया। गांव के एक गुट द्वारा सोमवार को जहां गुमनाम पत्र विवाद के चलते स्कूल के गेट पर ताला जड़ते हुए अध्यापकों के तबादले की मांग की थी। वहीं आज गुमनाम पत्र में आरोपी बनाए शिक्षकों के पक्ष में गांव का दूसरा गुट सामने आ गया तथा शिक्षकों का तबादला न करने की मांग की। गांव में काफी संख्या में लोग एकत्र हो गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई तथा गुटबंदी बढ़ती देख गांव में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। एक गुट का कहना है कि अब बच्चों की परीक्षा में एक माह का समय शेष रह गया है। शिक्षकों को तबादला होने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होगी। इसलिए जो भी कार्रवाई शिक्षा विभाग को करनी है, वह परीक्षाओं के बाद की जाएगा।
पुलिस बल तैनात होने से बाधित हो रही है पढ़ाई
सरकारी स्कूल में पढ़ने वाली छात्राओं ने कहा कि आए दिन स्कूल में पुलिस के आने सेे पढ़ाई बाधित हो रही है। 3-4 दिन से रोजाना पुलिस व शिक्षा विभाग के अधिकारी स्कूल में आ रहे हैं। जिससे वे सही ढ़ंग से पढ़ाई नहीं कर पा रही हैं। छात्राओं का कहना है कि किसी भी शिक्षक ने किसी छात्रा के साथ अभद्र व्यवहार नहीं किया है। फिर भी कुछ लोग इस मामले को तूल दे रहे हैं। नाम न छापने की शर्त पर छात्राओं ने कहा कि किसी भी छात्रा ने पुलिस को कोई पत्र भेजकर किसी अध्यापक पर आरोप नहीं लगाया है।
पुलिस बोली किसके खिलाफ करें जांच
खंदराई गांव के सरकारी स्कूल की 9वीं कक्षा की छात्रा द्वारा कथित रूप से गुमनाम पत्र डालकर गंभीर आरोप लगाने के मामले में जहां पुलिस ने कोई पत्र मिलने की बात को सिरे से नकार दिया। वहीं कहा कि किसके खिलाफ जांच की जाए। जब कोई शिकायतकर्ता सामने नहीं आ रहा है तो किस आधार पर जांच हो सकती है। यदि किसी छात्रा के साथ कोई हरकत की गई है तो आरोपी को किसी भी कीमत बख्शा नहीं जाएगा। लेकिन कोई शिकायतकर्ता ही नहीं होगा तो कार्रवाई कैसे होगी। सिटी थाना प्रभारी कुलदीप देशवाल ने कहा कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है।
स्कूल में हैं 140 छात्राएं
खंदराई गांव के सरकारी स्कूल में 9वीं से लेकर 12वीं कक्षा तक कुल 140 छात्राएं पढती हैं। सभी छात्राओं से पूछताछ की जा चुकी है। किसी भी छात्रा ने गुमनाम पत्र डालने या किसी प्रकार की छेड़छाड़ या अन्य घटना की हामी नहीं भरी है। मामले से सभी बच्चों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। कभी गांव के लोग स्कूल पर ताला लगा रहे हैं तो कभी नारेबाजी की जा रही है।
रामफल शर्मा, प्राचार्य खंदराई स्कूल।
मामले की जांच की जा रही है।
जिला शिक्षा अधिकारी सुमन नैन के आदेश पर खंदराई गांव के मामले की जांच की जा रही है। सभी छात्राओं से अलग-अलग बात की जा रही है। 9वीं से 12वीं कक्षा तक की छात्राओं से हर तरीके से पूछताछ की गई है। उन्हे हर प्रकार का भरोसा भी दिलाया जा रहा है। उसके बाद भी किसी छात्रा ने कोई पत्र पुलिस को भेजने या किसी अध्यापक द्वारा कोई गलत कार्य करने की शिकायत नहीं की है।
परमजीत चहल, जांच अधिकारी।