सोनीपत। नगर निगम क्षेत्र में सड़कों पर घूम रहे गोवंश सड़कों पर दिखाई नहीं देंगे। इससे शहरवासियों को काफी राहत मिल सकेगी। गाेवंशों को पकड़ने केे लिए नगर निगम ने टेंडर लगाया है। करीब छह माह पहले गोवंशों को पकड़ने का टेंडर खत्म हो गया था। उसके बाद से इनको पकड़ने का कार्य बंद है। सड़कों पर गाेवंशों की संख्या बढ़ रही है। इसके चलते वाहन चालकों को धीमी गति से वाहन चलाने पड़ रहे हैं। गोवंश के सड़क पर आने की वजह से दुर्घटना होने की आशंका रहती है। अब आचार संहिता हटते ही नगर निगम ने टेंडर लगाया है। टेंडर आवंटित होते ही गोवंशों को पकड़कर हरसाना कलां व कुमासपुर स्थित नंदीशालाओं में छोड़ा जाएगा।
नगर निगम की ओर से शहर को कैटल फ्री बनाने के दावे किए जाते है, लेकिन गोवंशों को पकड़ने के लिए छह माह तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। सड़कों पर घूम रहे गोवंशों को लेकर शहरवासी व वाहन चालक परेशान हैं। गोवंशों को पकड़ने के लिए लगाया गया नगर निगम का टेंडर 15 दिसंबर 2023 में खत्म हो चुका है। इसके बाद से निगम क्षेत्र में बेसहारा गोवंशों की संख्या लगातार बढ़ रही है। शहरवासी नगर निगम अधिकारियों को शिकायत कर चुके थे। मार्च में लगी आचार संहिता के बाद टेंडर प्रक्रिया रूक गई थी। आचार संहिता हटते ही नगर निगम ने गोवंशों को पकड़ने के लिए टेंडर लगाया है।
गोवंश की वजह से हो चुके हादसे
-17 अगस्त 2023 को गोहाना रोड बाईपास स्थित फ्लाईओवर के पास बेसहारा पशु को बचाने के प्रयास में बाइक सवार दो भाई सड़क पर गिर गए। इसी दौरान ट्रक ने एक भाई को कुचल दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
-विकास नगर में 25 अक्तूबर, 2022 को एक सांड़ ने सेवानिवृत्त शिक्षक व महिला को घायल कर दिया था।
-अक्तूबर, 2020 में गांव जुआं निवासी अशोक (48) की बाइक सड़क पर लड़ रहे गोवंशों से टकरा गई थी। गोहाना रोड पर गांव गढ़ी ब्राह्मणान के पास हादसे में उनकी जान चली गई थी।
- 22 दिसंबर, 2019 को खरखौदा के दिल्ली रोड पर बुजुर्ग सब्जी विक्रेता बलदेव को सांड़ ने पटककर मार दिया था।
-12 दिसंबर, 2019 को जगदीशपुर के रामपाल की सांड़ की चपेट में आकर मौत हुई।
-29 जुलाई, 2019 को गांव सेवली में पूर्व सरपंच राजेंद्र की सांड़ ने टक्कर मार-मारकर जान ले ली थी।
-4 मार्च 2019 को सिक्का काॅलोनी में सीता को सांड़ ने पटककर मार दिया था।
वर्जन
आचार संहिता हटते ही गोवंशों को पकड़ने के लिए टेंडर लगा दिया गया है। अगले सप्ताह टेंडर खोल दिया जाएगा। टेंडर आवंटित होने के बाद गोवंशों को पकड़कर नंदीशालाओं में भेजा जाएगा।
साहब सिंह, मुख्य सफाई निरीक्षक, नगर निगम