फोटो 36- सोनीपत के सेक्टर-14 स्थित आर्य समाज मंदिर में आयोजित आध्यात्मिक सत्संग में मौजूद श्रद
सोनीपत। सेक्टर-14 स्थित आर्य समाज मंदिर में चल रहे त्रिदिवसीय आध्यात्मिक सत्संग का समापन किया गया। गुजरात से स्वामी विवेकानंद परिव्राजक ने योग साधकों को ध्यान का प्रशिक्षण दिया। उन्होंने बताया कि मुक्ति प्राप्ति ही जीवन का सर्वोच्च लक्ष्य है। सांसारिक जीवन में रहते हुए लोग ईश्वर को भूलते जा रहे हैं। स्वामी विवेकानंद ने बताया कि परमात्मा की भक्ति करने का तात्पर्य अपने जीवन को शुद्ध व पवित्र बनाना होता है। जो मनुष्य जीवन में सत्य बोलता है, दूसरों के साथ कभी अन्याय नहीं करता, छल-कपट नहीं करता, वही परमात्मा की सच्ची भक्ति कर रहा होता है। प्रत्येक कर्म का फल व्यक्ति को भोगना ही होता है। मौके पर आर्य समाज के मंत्री रविंद्र कुकरेजा, कोषाध्यक्ष जितेंद्र मलिक मौजूद रहे।