सोनीपत। जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त डॉ. मनोज कुमार ने बताया कि आदर्श आचार संहिता के दौरान कोई भी सरकारी कर्मचारी किसी भी पार्टी या उम्मीदवार का चुनाव एजेंट नहीं बन सकता। यदि कोई कर्मचारी ऐसा करते पाया गया तो उनके खिलाफ चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन के तहत कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उनके विरुद्ध कारावास व जुर्माना दोनों का प्रावधान है।
उपायुक्त ने बताया कि आदर्श चुनाव आचार संहिता का पालन करना आम जनता के साथ सरकारी सेवाओं में कार्यरत कर्मचारियों का भी कर्तव्य है। कर्मचारियों को आचार संहिता का पालन सुनिश्चित करने के बारे में हिदायतें दी गई है कि कोई भी सरकारी कर्मचारी किसी राजनीतिक दल या राजनीति में भाग लेने वाले किसी संगठन का न तो सदस्य हो सकता है और न ही इनसे संबंध रख सकता है। कर्मचारी अपने वाहन या रिहायशी मकान पर भी मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए किसी प्रकार का चुनाव चिह्न नहीं लगा सकता है और न ही कोई सरकारी कर्मचारी चुनाव प्रचार में भाग ले सकता है।