सोनीपत। करियर लाइन चैनल (सीएलसी) नहर व पश्चिम यमुना लिंक नहरों के बीच से निकाली गई सड़कों पर सफर फिर असुरक्षित साबित हो रहा है। लगातार हो रहे हादसों के बाद भी सिंचाई विभाग के अधिकारी आबादी क्षेत्र के पास नहरों के किनारे पर सुरक्षा के ठोस प्रबंध नहीं कर पा रहे हैं। इससे गाड़ी अनियंत्रित होकर सीधी नहर में गिर रही है। महज 24 दिन में एक ही तरह के हादसे की पुनरावृत्ति हुई है।
पश्चिमी यमुना नहर व सीएलसी नहर के बीच से बनी सड़क पर अभी भी कई स्थानों पर सुरक्षा के ठोस प्रबंध नहीं है। जरा सी लापरवाही होते ही कार व अन्य वाहन के नहर में गिरने का डर बना रहता हैं। सिंचाई विभाग व प्रशासन की तरफ से सड़क पर सुरक्षा को लेकर किए गए इंतजाम अभी भी नाकाफी हैं। जिसके कारण यहां हादसे होते रहते हैं। नहरों के पास बसे गांवों के लोग भी सुरक्षा को लेकर मांग कर चुके हैं। नहर के किनारे कई जगह हालात बदतर है। सड़क किनारे ही नहर का पानी बह रहा है जिससे गाड़ी के नियंत्रण खोते ही सवार वाहन समेत नहर में जा गिरता है। पानीपत से लेकर दिल्ली तक सरकार ने सड़क का निर्माण कराया था। दिल्ली के जाम से बचने के लिए वाहन चालक इसी रास्ते को ज्यादा तरजीह देते हैं।
पहले भी हुए हैं हादसे
-12 दिसंबर की रात को कार के अनियंत्रित होकर गिरने से दो युवकों की मौत हो गई, तीसरा साथी घायल हुआ।
-11 सितंबर को डिवाइडर से टकराकर पश्चिमी यमुना लिंक नहर में कार गिरने से तीन दोस्तों की मौत हो गई थी।
-6 जून को ककरोई के पास कार नहर में गिरने से उद्योगपति, अकाउंटेंट व चालक की जान गई।
-19 मार्च को टायर फटने से कार नहर में गिर गई थी। हादसे में अतिथि अध्यापिका पूनम की मौत हो गई थी। उनके पति व दो बच्चों को बचा लिया था।
-12 जून, 2022 को गन्नौर के गांव कैलाना के पास अचानक अनियंत्रित हुई कार के पश्चिमी यमुना लिंक नहर में गिरने से गांव मटिंडू निवासी अशोक (30) उनकी भाभी मंजू (32), भतीजे आयुष (4) और भतीजी आरुषि (8) की मौत हो गई थी।
-7 जून, 2022 की रात को गांव सरढ़ाना-आहुलाना के बीच कार के नहर में गिरने से पानीपत के बुडशाम के युवक की मौत हो गई और उसके तीन दोस्त घायल हो गए थे। वह शादी का कार्ड देने जा रहे थे।
- 26 अप्रैल, 2022 को गांव झरोठ के पास गुरुग्राम माइनर में कार गिरने से गांव खांडा के निवासी महिला व उसके मामा की मौत हो गई थी।