संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। पानीपत के व्यक्ति ने अपने बेटे का फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनवाकर उसे नाबालिग दिखाने का प्रयास किया। इतना ही नहीं उसके मुकदमे में नामजद होने पर जुवेनाइल बोर्ड को फर्जी जन्म प्रमाण पत्र दिखाकर लाभ लेने का प्रयास किया। शिकायतकर्ता ने मामले की शिकायत पानीपत पुलिस अधीक्षक को सौंपी तो पता लगा कि प्रमाण पत्र सोनीपत के स्कूल में बना है। सोनीपत पुलिस को मामले की जांच भेजी गई। सिविल लाइन थाना पुलिस ने धोखाधड़ी समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पानीपत के गांव लाखू बुआना निवासी रमेश ने एसपी पानीपत को शिकायत दी थी कि उनके गांव के आनंद के बेटे अंकित उर्फ रौनक ने सोनीपत के निजी स्कूल में वर्ष 2007 में दाखिला लिया था। तब आंनद ने अपने बेटे की जन्मतिथि 26 अगस्त, 2000 लिखवाई थी। आठवीं कक्षा पास करने के बाद स्कूल से बेटे का स्कूल लिविंग प्रमाण पत्र लिया था। तब उनमें भी जन्मतिथि वही थी। बाद में उसे सोनीपत के दूसरे स्कूल में दाखिला दिया गया। बाद में वर्ष 2016 में आनंद ने स्कूल में शपथ पत्र दिया कि उनके बेटे की जन्मतिथि 16 सितंबर, 2003 है। इसे लिए उन्होंने स्कूल में एक जन्म प्रमाण पत्र भी दिया। आरोप है कि जन्म प्रमाण पत्र से छेड़छाड़ की गई थी। वह प्रमाण पत्र मांडी पीएचसी की तरफ से जारी किया गया दिखाया गया। इसे पानीपत के नागरिक अस्पताल में दर्ज कराया जा चुका है।
आरोप है कि आनंद ने गलत तरीके से सरकारी दस्तावेज में काट-छांट की। बाद में जन्म प्रमाण पत्र व शपथ पत्र जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड में देकर अपने बालिग बेटे को नाबालिग दिखाने का प्रयास किया। रमेश ने पुलिस को बताया कि उन्होंने इसे लेकर पहले भी शिकायत दी थी। कहा गया था कि मामला कोर्ट में विचाराधीन है। अब इस मामले का फैसला हो चुका है। वह इसे लेकर दो बार एसपी कार्यालय पानीपत में शिकायत दे चुके हैं। मामले की जांच सोनीपत पुलिस को भेजी गई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस टीम मामले की जांच कर रही है।
मामले को लेकर पानीपत पुलिस अधीक्षक कार्यालय से शिकायत मिली थी। मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले में जांच की जाएगी। अगर स्कूल की कोई गड़बड़ी मिली तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
- कर्मजीत, थाना प्रभारी, सिविल लाइन सोनीपत