संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। कक्षा छठी में पढ़ने वाली नाबालिग से अश्लील हरकत करने के अभियुक्त को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश (फास्ट ट्रैक कोर्ट) ने दोषी करार देते हुए 10 साल कैद व 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने पर तीन माह अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इस मामले में रानियां थाना पुलिस ने सितंबर 2019 में एफआईआर दर्ज की थी। दोषी नाबालिग का रिश्ते में ताऊ लगता है। दोषी ने न्यायाधीश प्रवीण कुमार से सजा में नरमी बरतने की गुहार लगाई। सरकारी वकील ने न्यायाधीश से कहा कि दोषी किसी भी प्रकार से नरमी का हकदार नहीं है। इसने पवित्र रिश्ते को कलंकित किया है।
पुलिस को दिए बयान में 12 वर्षीय नाबालिग ने बताया था कि वह कक्षा छठी में पढ़ती है। 29 सितंबर 2019 को वह अपनी दादी के साथ खेत में गई थी। धूप ज्यादा होने के कारण वह अपने ताऊ के पास पेड़ की छाया में बैठ गई। यहां मेरे दो छोटे भाई भी मौजूद थे। ताऊ ने उन दोनों को यहां से भेज दिया। इसके बाद उसके साथ अश्लील हरकत करनी शुरू कर दी। जब वह जाने लगी तो ताऊ ने उसका हाथ पकड़ लिया और नीचे बैठा दिया। इसके बाद वह यहां से भाग कर अपनी दादी के पास गई और सारी बात बता दी।
इस धारा में मिली इतनी सजा
पुलिस ने नाबालिग का बयान दर्ज करके ताऊ के खिलाफ पॉक्सो एक्ट सहित सहित आईपीसी की अन्य धाराओं के तहत केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने पीड़िता के न्यायालय समक्ष कलमबंद बयान भी दर्ज करवाए। बुधवार को मामले का निपटारा करते हुए न्यायाधीश प्रवीण कुमार ने दोषी ताऊ को पॉस्को एक्ट की धारा 6 में 10 साल व धारा 10 में 5 साल कैद की सजा सुना दी। दोनों सजा साथ-साथ चलेंगी।