संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद की ओर से समग्र शिक्षा अभियान के तहत जिले को तीन एपीसी (सहायक परियोजना अधिकारी) मिले हैं। समग्र शिक्षा अभियान के पास चार एपीसी हो गए हैं। सभी एपीसी की विभाग की ओर से ज्वाइनिंग करवा दी गई है। अब जिले में विद्यार्थियों के सांस्कृतिक कार्यक्रम, शिक्षकों की ट्रेनिंग सहित अन्य काम पटरी पर लौटेंगे।
हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद की ओर से प्रदेश को 33 सहायक परियोजना अधिकारी दिए गए हैं। इन एपीसी के माध्यम से स्कूल बच्चों से लेकर शिक्षकों तक फायदा होगा। इनमें से फरीदाबाद जिले को सबसे ज्यादा चार एपीसी मिले हैं। करनाल, जींद व सोनीपत को एक-एक एपीसी मिला है। अब समग्र शिक्षा के सभी कार्य सुचारु होंगे। बता दें कि प्रदेश के सभी एपीसी 30 नवंबर को रिलीव हो गए थे। साल 2017 में शिक्षा विभाग से रिलीव हुए एपीसी पांच साल के लिए डेपुटेशन पर आए थे। 30 नवंबर को इनका अंतिम समय था। इसके चलते शिक्षकों की ट्रेनिंग, दिव्यांग बच्चों के कैंपों का काम, कागजी कार्रवाई, राजकीय स्कूलों में एक्टिविटी, विद्यार्थियों के शैक्षणिक भ्रमण, आरोही मॉडल व कस्तूरबा गांधी स्कूल की देखरेख, सांस्कृतिक कार्यक्रम च स्कूलों का बजट इत्यादि काम प्रभावित हो रहे थे। अब दिसंबर में सभी एपीसी की ज्वाइनिंग हो गई है। इससे यह सभी कार्य सुचारु रूप से होंगे।
एपीसी का पहले लिया गया था सैंटा का एग्जाम
जिले के राजकीय स्कूलों के शिक्षकों की नियुक्ति बतौर एपीसी होगी। इसमें मिडिल स्कूल फिरोजाबाद से एक, राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल सुचान से एक व राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल साहुवाला द्वितीय एक शिक्षक की ज्वाइनिंग बतौर एपीसी होगी। इन तीनों एपीसी का समग्र शिक्षा विभाग मुख्यालय की तरफ सैंटा पेपर लिया गया था। इसमें पासआउट की मेरिट सूची के आधार पर एपीसी के पद के लिए स्टेशन जारी हुए हैं।
सिरसा जिले को तीन नए एपीसी मिले हैं। इनकी ज्वाइनिंग करवा दी गई है। इन एपीसी के आने से विभाग में पड़े रिक्त पद भरे जा चुके हैं। - बूटाराम, परियोजना अधिकारी, समग्र शिक्षा अभियान सिरसा।