सिरसा। डेरा जगमालवाली के प्रमुख संत वकील साहिब के चोला छोड़ने के बाद से ही डेरे की गद्दी को लेकर विवाद रुकने का नाम नहीं ले रहा है। डेरे की संगत भी दो गुटों में बंटी हुई नजर आ रही है। सोमवार को संगत के एक पक्ष डेरे की गद्दी पर आसीन महात्मा वीरेंद्र के खिलाफ व डेरे में चल रही अनैतिक गतिविधियाें को लेकर उपायुक्त से मुलाकात करने उनके कार्यालय पहुंचा। डेरे की संगत ने उपायुक्त शांतनु शर्मा को अपना मांग पत्र सौंपा और निष्पक्ष जांच की मांग की।
वकील साहिब सेवा समिति दिल्ली के उपप्रधान संजय गुर्जर ने आरोप लगाते हुए बताया कि डेरे के संचालक वकील साहिब के चोला छोड़ने के बाद कुछ तथाकथित लोगों की मिलीभगत से महात्मा वीरेंद्र ढिल्लों जबरन गद्दी पर बैठे हुए हैं और डेरे पर कब्जा कर लिया है। वीरेंद्र न तो डेरे के साधु थे और न ही डेरे से उनका कोई लेना-देना था। वे सिर्फ वकील साहिब की गाड़ी के चालक रहे हैं। वीरेंद्र ढिल्लों को गद्दी पर बैठाने के बाद से संगत में भारी रोष है। संजय गुर्जर ने बताया कि वीरेंद्र ढिल्लों व उसके भाई पर डेरे में गोलियां चलाने का आरोप है। प्रशासन ने कोई कार्रवाई इस मामले में नहीं की है। इसके अलावा मौजूदा समय में भी अनैतिक गतिविधियां डेरे से चल रही हैं। इसकी जानकारी पुलिस प्रशासन को है। पुलिस प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। इसी मामले में उपायुक्त से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा गया है।