ग्रामीणों को संबोधित करते हुए एडीजीपी डाॅ.एम रवि किरण।
सिरसा। एडीजीपी हिसार मंडल डाॅ. एम रवि किरण ने शुक्रवार को जिले के पांच गांवों को नशा मुक्त गांव के सम्मान से नवाजा। गांव भरोखा में आयोजित कार्यक्रम में एडीजीपी बतौर मुख्यातिथि पहुंचे। उन्होंने गांव भरोखा, ढाणी भरोखा, बरवाली-प्रथम, दड़बी तथा वेदवाला गांवों को नशा मुक्त गांव के सम्मान से नवाजा व पंचायतों की प्रशंसा की।
वहीं अन्य गांवों के सरपंचों से आह्वान किया कि वे भी नशा मुक्त गांवों को अपना रोल मॉडल मानकर अपने गांव को नशा मुक्त करवाने में अग्रणी भूमिका निभाए। मुख्य अतिथि एडीजीपी हिसार मंडल ने नशा एवं हिंसा मुक्त गांव भरोखा के पट्ट का उद्घाटन किया तथा पौधरोपण कर लोगों को पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक विक्रांत भूषण व संत ब्रह्मदास ने भी पौधरोपण किया।
एडीजीपी ने कहा कि आज समाज में बढ़ता ड्रग्स का प्रचलन एक बड़ी समस्या है, इसलिए समय रहते इस बुराई पर अंकुश लगाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायतों, सामाजिक संगठनों और प्रत्येक व्यक्ति को अपने-अपने स्तर पर ड्रग जैसी बुराई से समाज को बचाने के लिए काम करना होगा। डाॅ. एम रवि किरण ने कहा कि अगर हर व्यक्ति खुद व अपने परिवार को नशे से बचाकर रख ले, तो समाज में यह समस्या ही नहीं रहेगी। एडीजीपी ने कहा कि अब तक हिसार मंडल में लगभग 700 लोगों ने नशे को अलविदा कहा है। गांव भरोखा व ढाणी भरोखा के युवाओं की खेलों में रुचि के बारे में जानकारी पाकर एडीजीपी बहुत प्रभावित हुए। उन्होंने इस अवसर पर हैंडबाल व मुक्केबाजी के प्रशिक्षकों को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि सभी ग्राम पंचायतों को खेलों पर ध्यान देना चाहिए
डेरा बाबा भूमणशाह के गद्दीनशीन संत ब्रह्मदास ने भी उपस्थित लोगों का मार्गदर्शन किया। उन्होंने पुलिस प्रशासन को नशा मुक्त समाज के निर्माण में हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि पुलिस द्वारा नशा से ग्रस्त युवाओं को सही राह पर लाना मानवता की सही मिसाल है। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि पुलिस प्रशासन द्वारा नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में अग्रणी भूमिका निभाएं ताकि समाज को पूरी तरह से नशा मुक्त व अपराध मुक्त किया जा सके ।