सिरसा। शहर की जाट धर्मशाला में शुक्रवार को सरपंच एसोसिएशन की बैठक का आयोजन किया गया। इस दौरान सरपंच एसोसिएशन हरियाणा की प्रदेश उपाध्यक्ष संतोष बैनीवाल ने कहा कि आगामी पांच नवंबर को टोहाना में प्रदेशभर के सरपंचों की होने वाली रैली प्रदेश के ऐतिहासिक रैली होगी। सरकार से कई दौर की बात हो चुकी है। लेकिन इस सरकार की मंशा ठीक नहीं है।
प्रदेश की 6228 पंचायतें एक मंच पर होंगी। इस रैली में विपक्षी दल से पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा सहित सभी विधायक उपस्थित होंगे। इसके साथ हजारों की संख्या में आमजन मानस व कर्मचारी भी इस रैली में पहुंचेंगे और गांवों की पंचायत के समर्थन में हुंकार भरेंगे। बैनीवाल ने कहा कि इस मौजूदा सरकार ने सरपंचों के 29 अधिकारों को छीनने का काम किया। सरकार की हठधर्मिता से उन्हें ये भली भांति भान हो गया है कि ये सरकार झुकने वाली नहीं है। वहीं विपक्ष ने सरपंचों को आश्वस्त किया है कि कांग्रेस पार्टी के सत्ता में आते ही सरपंचों के अधिकारों को पहली कलम से लागू किया जाएगा।
सरकार ने पूरी तरह से पंचायती राज एक्ट को खत्म करने की ठानी : समैन
सरपंच एसोसिएशन हरियाणा के प्रदेशाध्यक्ष रणबीर समैन ने कहा कि इस सरकार ने पूरी तरह से पंचायती राज एक्ट को खत्म करने की ठान ली है। पंचायत मंत्री से लेकर सीएम तक को सरपंचों ने घेर लिया, लेकिन इनके कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही। सरकार इस भूल में है कि वो लठतंत्र से सरपंचों के अधिकारों को कुचल देगी। लेकिन आने वाले लोकसभा-विधानसभा चुनावों में प्रदेशभर के सरपंच सरकार को पंचायतों की ताकत दिखाने का काम करेंगे। पंचायत मंत्री बार-बार कह रहे है कि ई-टेंडरिंग सरपंचों के लिए फायदेमंद है। लेकिन फायदा सिर्फ और सिर्फ अधिकारियों व सरकार का है। इस मौके पर जिला सरपंच एसोसिएशन के प्रधान जसकरण सिंह कंग, सुभाष माखोसरानी सहित जिलेभर के सरपंच उपस्थित रहे।