सिरसा। शहर के पार्काें में अब बडी हाई मास्ट लाइटें नजर नहीं आएंगी। यहां तक की ग्रीन बेल्ट में भी इन लाइटों का प्रयोग नहीं किया जा सकता। इन लाइटों का प्रयोग उन्हीं जगहों पर किया जा सकता है, जहां पर इको सिस्टम प्रभावित नहीं होता है। शहरी स्थानीय निकाय विभाग की इन गाइड लाइन ने अधिकारियों की परेशानियों को बढ़ा दिया है। आलम यह है कि अधिकारियों को पार्कों के लिए अब म्यूजिकल व अन्य प्रकार की लाइटों का प्रयोग करना पड़ रहा है। जिनका इको सिस्टम पर फर्क नहीं पड़ेगा।
ऐसे में जहां एक पोल व चार लाइटें लगाने से पार्क में पूरी तरह से रोशनी हो जाती थी। अब अधिकारियों को अलग सिस्टम अपनाना होगा और लाइटों की हाइट भी कम रखनी पड़ेगी। नगर परिषद के अधिकारियों ने ट्रायल स्वरूप शहर के चार पार्कों में नई आदेशों के अनुसार लाइट लगाने की तैयार की है। जल्द ही यह टेंडर ओपन होने जा रहे हैं।
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पार्कों के फुटपाथ पर लाइट होना अनिवार्य
अधिकारियों ने बताया कि पार्कों के फुटपाथ पर लाइट होना अनिवार्य है। उसको लेकर लाइट लगाई जाएंगी। एक से तीन मीटर के पोल पर लाइटें लगाई जा सकती हैं। पार्क के बीच में बड़ी हाईमास्ट लगाने की बजाय छोटी लाइटें लगाई जा सकती हैं। जिससे पार्क में रोशनी बनी रहे। क्योंकि सर्दी के मौसम में पार्कों में रोशनी होना जरूरी है।
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मौजूदा समय में यह है व्यवस्था
पार्कों में सुबह पांच बजे और रात को दस बजे तक लोगों का आना जाना लगा रहता है। सरकार ने इसे ध्यान में रखते हुए भी अपनी गाइड लाइन में कहा कि जहां पूर्व में लाइटें लगी हुई हैं, उन लाइटों को रात दस बजे बंद कर देना चाहिए। इसको लेकर अधिकारियों को पार्कों में टाइम इन सेट करने होंगे। लेकिन पिछले कुछ वर्षों में पर्यावरण को दरकिनार कर बड़े-बड़े हाईमास्ट लाइटें पार्कों में लगा दी गईं। पार्कों के सौंदर्यकरण की ओर ध्यान देते-देते अधिकारी पार्कों के ईको सिस्टम को भूल गए थे। ऐसे में अब अधिकारियों को ईको सिस्टम के अनुरूप ही काम करना होगा।
चोरी का बढ़ सकता है खतरा
सर्दियों के मौसम में हाईमास्ट की जगह छोटी लाइटें होने से धुंध के समय पार्कों में चोरी व लूट का खतरा हो सकता है। इसको लेकर भी पुलिस प्रशासन को व्यवस्था करनी होगी। मौजूदा समय में हाईमास्ट होने से लोग धुंध में भी 20 से 30 फुट तक आसानी से देख सकते हैं। लेकिन अन्य लाइटों में ऐसा संभव नहीं हो पाएगा।
बड़े हाईमास्ट अब पार्कों में नहीं लगाए जाएंगे। उनकी जगह म्यूजिकल व अन्य लाइटों का प्रयोग किया जाएगा। रोशनी का पार्कों में व्यापक प्रबंध रहेगा। हमारी ओर से चार पार्कों के नए आदेशों के तहत टेंडर लगाए गए हैं। जल्द ही उन्हें ओपन कर दिया जाएगा।
प्रवीण शर्मा, जेई, नगर परिषद