सिरसा में अग्रवाल कॉलोनी में फॉगिंग करते हुए नगर परिषद की टीम।
सिरसा। शहर में हुई बारिश के बाद कई जगहों पर जलभराव हुआ। इससे मच्छर पैदा हो गए। इस कारण मच्छरजनित बीमारियां फैलने की आशंका बढ़ गई है। कई क्षेत्रों में मलेरिया और डेंगू के मामले सामने आने लगे हैं। स्वास्थ्य विभाग और नगर परिषद की टीमों ने फॉगिंग करवाने की प्रक्रिया तेज कर दी है। नगर परिषद की टीमों ने शहर की बाहरी कॉलोनियों और मलिन बस्तियों में फॉगिंग करवाई है। स्वास्थ्य विभाग के कई दल गांवों में जाकर लोगों को जागरूक कर जलभराव वाले स्थानों पर रसायनों का छिड़काव कर रहे हैं।
मच्छरों के कारण बुखार से पीड़ित लोग इलाज करवाने के लिए नागरिक अस्पताल में पहुंचे रहे हैं। शहर में डेंगू, मलेरिया आदि मच्छर जनित बीमारी न फैले इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने नगर परिषद को पत्र भेजकर फॉगिंग करवाने के निर्देश दिए हैं। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने शहर में करीब 25 अधिक जोखिम वाले क्षेत्र घोषित किए हैं। इनमें फॉगिंग के साथ छिड़काव किया जा रहा है। इनमें रैगर बस्ती, बाजीगर बस्ती, सिंगीकाट मोहल्ला, जेजे कॉलोनी, चतरगढ़पट्टी, सहित कई मलिन बस्तियां शामिल हैं।
नगर परिषद की टीम ने शनिवार को अग्रसेन कॉलोनी, अग्रवाल कॉलोनी, ढाणी तेजा सिंह में फॉगिंग करवाई। स्वास्थ्य विभाग की टीमें भी ग्रामीण लोगों को जागरूक कर रहीं हैं। जिन परिसरों में लारवा मिल रहे हैं, उनके स्वामियों को नोटिस भेजे जा रहे हैं।
कोट्स
शहरी क्षेत्र की मलिन बस्तियों में फॉगिंग करवाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। ज्यादा प्रभावित क्षेत्रों में पहले फॉगिंग करवाई जा रही है। इसके बाद शहर की मुख्य कॉलोनियों में वार्ड के अनुसार फॉगिंग करवाई जाएगी। - जयवीर सिंह, सफाई निरीक्षक, नगर परिषद, सिरसा।