सिरसा। नशा करने में प्रयुक्त होने वाली गोलियों की तस्करी करने के मामले में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय ने आरोपी तस्कर को दोषी करार देते हुए 15 साल कैद व डेढ़ लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना नहीं भरने पर दोषी को डेढ़ साल अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इस मामले में ओढां थाना पुलिस ने सितंबर 2019 में एफआईआर दर्ज की थी।
मामले के अनुसार सीआईए सिरसा पुलिस को सूचना मिली थी कि गांव मीठड़ी निवासी नाजम सिंह दवाइयों की तस्करी करता है। इस पर 8 सितंबर 2019 को सीआईए पुलिस की टीम मिठड़ी रवाना हुई। गांव पहुंचते ही पुलिस को नाजम सिंह के घर के सामने से एक कार आती नजर आई। पुलिस ने कार को रुकवाया लिया। कार में नाजम सिंह खुद सवार था। पुलिस ने कार की तलाशी ली तो उसमें से 32500 नशा करने में प्रयुक्त होने वाली गोलियां बरामद हुई। इसके बाद पुलिस ने नाजम सिंह को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में नाजम सिंह ने पुलिस को बताया कि वह ये गोलियां 65 हजार रुपये में चोरमार निवासी गुरप्रीत सिंह से खरीदकर लाया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मादक पदार्थ अधिनियम के तहत केस दर्ज करके उन्हें गिरफ्तार कर लिया। मंगलवार को इस मामले का निपटारा करते हुए न्यायाधीश डॉ. अशोक कुमार ने नाजम सिंह को तस्करी का दोषी करार देते हुए 15 साल कैद की सजा सुनाई। वहीं कोई प्रमाण नहीं मिलने पर आरोपी गुरप्रीत सिंह को बरी कर दिया।