कालांवाली। राशन डिपो पर गत तीन माह से गेहूं का आवंटन 10-12 फीसदी कम होने व सरसों-तेल की आपूर्ति समय पर न होने से सार्वजनिक राशन वितरण प्रणाली चरमरा गई है। सरकार की ओर से दिया जा रहा राशन ले पाना भी उपभोक्ताओं के लिए परेशानी बना हुआ है।
राशन डिपो होल्डर वेलफेयर एसोसिएशन हरियाणा के संरक्षक त्रिलोक चंद जैन ने बताया कि मंगलवार को एसोसिएशन का एक शिष्टमंडल महानिदेशक खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मिलकर उन्हें डिपो होल्डरों की समस्याओं बारे व वितरण प्रणाली को सुचारू करने संबंधी सुझाव देगा। जैन ने कहा कि इस माह डिपो पर गेहूं 11 फीसदी व बाजरा 23 फीसदी कम आवंटन (कोटा) है। इस कारण प्रदेश भर में राशन वितरण को लेकर भयंकर स्थिति उत्पन्न होगी व काफी संख्या में गरीब जरूरतमंद लोग राशन से वंचित रह जाएंगे। सभी बीपीएल परिवारों को सरसों-तेल वितरण करने से प्रदेश में तेल की एलोकेशन ज्यादा बढ़ जाने के कारण तेल की सप्लाई डिपो पर निर्धारित समय पर नहीं पहुंच रही। इससे भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो जाती है। जिसके चलते कार्डधारक डिपो होल्डरों से लड़ाई-झगड़ा करते हैं। जबकि कम राशन आने कारण डिपो होल्डर खुद परेशान हैं। डिपो होल्डरों को पिछले तीन माह से कमीशन नहीं मिल रहा। जबकि संवाद कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने इनका कमीशन हर माह देने की घोषणा की थी।