सिरसा। पंचायतीराज विभाग सिरसा में बतौर एसडीओ कार्यरत रामकुमार की पत्नी अंजू की शिकायत पर सदर सिरसा पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। शिकायतकर्ता ने आरोपियों ने साढ़े 25 लाख रुपये की ठगी किए जाने का आरोप लगाया है।
शिकायत में अंजू ने बताया कि बलदेव सिंह, सुखदेव सिंह निवासी वैदवाला, सत्यवान उसकी पत्नी पूनम निवासी हुडा सेक्टर-20 ने षड्यंत्र के साथ जमीनी सौदे में उसके साथ धोखाधड़ी की। शिकायत में बताया कि उनकी सत्यवान और पूनम के साथ अच्छी जान पहचान थी और पारिवारिक मेलजोल था। जबकि सत्यवान और पूनम का वैदवाला निवासी बलदेव और सुखदेव के साथ घनिष्ठता थी। वर्ष 2005 में सत्यवान उनके घर आया और बताया कि बलदेव और सुखदेव को पैसों की जरूरत है और वे अपनी जमीन बेचना चाहते हैं। उनकी वैदवाला में 15 कनाल और 8 मरला जमीन है। अंजू ने बताया कि उन्होंने इतनी जमीन खरीदने में असमर्थता व्यक्त की। जिस पर सत्यवान ने सांझीदारी में जमीन खरीदने का प्रस्ताव दिया। सत्यवान और उसकी पत्नी पूनम पर विश्वास होने की वजह से उन्होंने सितंबर-2005 में 17 लाख 75 हजार रुपये प्रति एकड़ की दर से सौदा तय हुआ और उसने 9 लाख रुपये पेशगी के रूप में आरोपियों को थमा दिए।
सौदे के अनुसार इकरारनामा उसके और पूनम के नाम सांझे में किया गया। जब रजिस्ट्री करवाने के लिए पहुंचे तब बताया गया कि बलदेव सिंह और सुखदेव सिंह ने जमीन पर लिए गए बैंक लोन को चुकता नहीं किया है। इसलिए रजिस्ट्री नहीं हो सकती। इसलिए रजिस्ट्री की तारीख बढ़वा ली। आरोपियों ने बैंक लोन चुकाने के लिए उनसे 12 लाख रुपये और हासिल कर लिए। रजिस्ट्री के लिए निर्धारित तिथि से पहले सत्यवान उनके पास आया और पैसे की मांग की ताकि बैंक लोन निपटवाया जा सके। जिस पर उन्होंने साढ़े चार लाख रुपये और दे दिए। इस प्रकार साढ़े 25 लाख रुपये लेने के बाद उन्होंने रजिस्ट्री के लिए टालमटोल करनी शुरू कर दी। इस शिकायत के आधार पर सदर सिरसा पुलिस ने बलदेव सिंह, सुखदेव सिंह, सत्यवान और पूनम के खिलाफ मामला दर्ज किया है। मामले की जांच का जिम्मा उपनिरीक्षक नवल सिंह को सौंपा गया है।