पांच बेटियां पहले हो चुकीं पैदा, तीसरी की हो चुकी मौत, 14 जुलाई को जन्मी छठी बेटी की दो दिन बाद मौत
सिरसा। चोपटा क्षेत्र के गांव कैरांवाली में एक पखवाड़े पूर्व नवजात बच्ची की हत्या के आरोपों के बाद रानियां क्षेत्र के गांव बाहिया में भी इसी प्रकार का एक मामला सामने आया है। गांव के ही एक व्यक्ति ने चाइल्ड हेल्पलाइन के चंडीगढ़ कार्यालय में 14 जुलाई को जन्मी बच्ची की हत्या के आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई है। चाइल्ड हेल्पलाइन ने इस संबंध में सीडब्ल्यूसी (बाल विकास विभाग) को मेल के माध्यम से एक पत्र कार्रवाई के लिए भेजा है। सीडब्ल्यूसी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत रानियां पुलिस को पत्र जारी करने की कार्रवाई शुरू कर दी है।
ये है पूरा मामला:
सूत्रों के मुताबिक गांव बाहिया के निवासी एक परिवार में एक व्यक्ति की पांच बेटियां हैं। जिनमें से तीसरी लड़की की मौत हो चुकी है। जबकि चार अभी जिंदा हैं। छठी बार परिवार की महिला गर्भवती थी। बेटे की चाह में परिवार के लोग काफी समय से भटक रहे थे। परिजन पास के ही गांव में एक तांत्रिक के पास पहुंचे। तांत्रिक ने परिजनों से कहा कि इस बार बेटा ही होगा। 14 जुलाई को परिवार के लोग महिला को डिलिवरी के लिए रानियां के अस्पताल में ले गए। जिस गाड़ी में परिवार के लोग महिला को लेकर गए थे। वह गाड़ी गांव के ही किसी व्यक्ति की थी। गाड़ी चालक का भी कहना है कि गाड़ी में महिला का पति ये बोल रहा था कि अगर इस बार बेटा हुआ तो ठीक, बेटी हुई तो कुछ दिन ही जी पाएगी। शाम को महिला ने एक बच्ची को जन्म दिया। रानियां अस्पताल के स्टाफ सदस्यों का भी कहना है कि जब परिवार के लोग महिला व बच्ची को लेकर जा रहे थे तो बच्ची का पिता अफसोस जताते हुए कह रहा था कि चार पहले ही हैं, पांचवीं का क्या करूंगा। 16 जुलाई की दोपहर को नवजात बच्ची की अचानक मौत हो गई और परिवार के लोग गुपचुप तरीके से उसका शव गांव में ही स्थित श्मशान भूमि में दफना आए। गांव के ही एक शख्स को पूरी कहानी पता चली तो उसने चाइल्ड हेल्पलाइन को सूचित किया।
तांत्रिक है क्षेत्र में सक्रिय
रानियां क्षेत्र के आसपास के गांवों में कई तांत्रिक सक्रिय हैं। तांत्रिकों ने हर क्षेत्र में अपने जासूस छोड़ रखे हैं। जोकि ऐसे लोगों की तलाश में लगे रहते हैं। जो बेटे की चाह रखते हैं और परिवार में पहले से कई लड़कियां हैं। अनपढ़ तो क्या पढ़े लिखे लोग भी आंखें बंद कर इनपर विश्वास कर लेते हैं। ये पहला अवसर नहीं है। जब तांत्रिक के कहने के बाद भी लड़की हुई हो। चार साल पहले डबवाली क्षेत्र में महिलाओं को सेब देकर बेटा होने की भविष्यवाणी करता था। स्वास्थ्य विभाग ने इसे पकड़ लिया था। जलालआना क्षेत्र में राख की पुड़िया देकर बेटा होने की भविष्यवाणी करने वाले तांत्रिक पर भी स्वास्थ्य विभाग की टीम कार्रवाई कर चुकी है।
एक पखवाड़े पूर्व खंड चोपटा के गांव कैरांवाली ंमें हुई थी इसी तरह की घटना
बता दें कि इसी तरह की घटना चोपटा खंड के गांव कैरांवाली में करीब एक पखवाड़े पूर्व हुई थी। उस मामले में आरोप लगाने वाले परिवार में वार लड़कियां थी, जिनमें से दो जिंदा थी और दो की मौत हो चुकी थी। गांव के ही एक व्यक्ति ने मामले की शिकायत चाइल्ड हेल्पलाइन को दी थी। जिसके बाद ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त कर पुलिस ने शव को बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल में पहुंचाया। जहां से अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में शव को रैफर कर दिया गया। अग्रोहा में पोस्टमार्टम कार्रवाई के दौरान मौत के कारणों का कोई पता नहीं चलने पर विसरा जांच के लिए मधुबन लैब में भेजा गया। जिसकी अभी रिपोर्ट आनी बाकी है।
कोट्स
-हेड ऑफिस में शिकायत आई थी, सीडब्ल्यूसी को कार्रवाई के लिए पत्र भेज दिया है:
चाइल्ड हेल्पलाइन हेड ऑफिस में किसी अज्ञात शख्स ने मामले संबंधी सूचना दी थी। सूचना के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग की ओर से तुरंत सीडब्ल्यूसी को मेल के माध्यम से आगामी कार्रवाई के लिए पत्र भेजा गया है। आगामी कार्रवाई सीडब्ल्यूसी द्वारा ही की जानी है।
-जसप्रीत सिंह, चाइल्ड लाइन कोआर्डिनेटर, सिरसा।
कोट्स
शिकायत मिली है पुलिस को लिखेंगे पत्र:
मामले संबंधी सीडब्ल्यूसी को मेल के माध्यम से पत्र मिला है। मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत रानियां पुलिस को आगामी कार्रवाई के लिए पत्र भेजा जाएगा।
-गीता कथूरिया, सदस्या सीडब्ल्यूसी सिरसा।
कोट्स
-जगमलेरा पीएचसी में महिला की डिलीवरी हुई थी। सुनने में आया है कि महिला के पूर्व में पांच लड़कियां थी। जिनमें से तीसरे नंबर की लड़की की मौत हो चुकी है। जबकि चार जिंदा बताई जा रही हैं। गांव के कुछ लोगों ने आरोप लगाया है कि बच्ची को जानबूझकर मारा गया है। बच्ची के पिता को एक स्टाफ ने यहां तक कहते हुए सुना गया है कि वह बाबा को नहीं छोड़ेगा।
-नरेश सहारण, एसएमओ रानियां।