संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। मानसून से पहले गांवों में बने तालाबों की सफाई करवाने व उनकी खुदाई के लिए पंचायत विभाग ने पंचायतों को पत्र लिखा है। जिले में 339 गांवों में करीब 700 तालाब हैं। इनमें पूरे गांव के पानी की निकासी होती है।
मानसून अब नजदीक आ रहा है। बारिश के दौरान गांवों में जलभराव की स्थिति न हो, इसके लिए पंचायत विभाग अलर्ट हो गया है। विभाग ने सभी पंचायतों को पत्र लिखकर पहले ही हर प्रकार की तैयारी पूरी करने के निर्देश दिए हैं। पत्र में गांव में जिन क्षेत्रों में नालियां व पाइप लाइन है उन्हें साफ करने, तालाबों से जलकुंभी निकालने, तालाबों के आसपास के क्षेत्र को साफ करने व उनकी दीवारों की मरम्मत करने के लिए कहा गया है। पंचायतों को खुद के स्तर पर ही इस कार्य को पूरा करना होगा।
बीते वर्ष कई दिनों तक गांवों में रही थी जलभराव की स्थिति
बीते वर्ष बारिश के दौरान कई गांवों में एक से दो सप्ताह तक जलभराव की स्थिति बनी रही थी। गांव का मुखिया न होने के कारण तालाब की सफाई, पाइप लाइन डालने का कार्य नहीं हो पाया था। इसके कारण गांवों में निचले क्षेत्र में जलभराव की स्थिति बन गई थी। इसके चलते कई मकानों को दरारें व कई मकानों में जलभराव की स्थिति भी बन गई थी। वहीं कई गांवों ने खुद के स्तर पर ही रोड की खोदाई करने के बाद पानी की खेतों में निकासी करवाई थी।
वर्जन
मानसून से पहले गांवों में तालाबों की सफाई करने व पहले ही व्यवस्था करने के लिए बीडीपीओ के माध्यम से पंचायतों को पत्र लिख दिया है, ताकि बारिश के पानी की निकासी समय पर हो सके। गांवों में बड़े कार्य ई-टेंडरिंग के माध्यम से हो रहे है, जबकि पांच लाख से कम खर्च वाले कार्य पंचायत अपने स्तर पर ही करवा रही है। - राजेश कुमार, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी, सिरसा।