सिरसा। नगर परिषद के सफाई कर्मचारियों की शुक्रवार को 10वें दिन भी हड़ताल जारी रही। तीन दिनों से कर्मचारियों के विरोध के कारण शहर के डंपिंग प्वाइंट पर भी कूड़े के ढेर लगने शुरू हो गए। ऐसे में शुक्रवार दोपहर बाद नगर परिषद अधिकारी पुलिस बल के साथ शिव पुरी रोड पर सफाई करने के लिए पहुंचे। मामले की सूचना मिलते ही हड़ताली कर्मचारियों ने वहां पर पहुंच विरोध कर दिया और सफाई न करने की चेतावनी दी। जिसके बाद पुलिस ने 40 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया और पुलिस लाइन में पहुंचा दिया। इस दौरान 5 डंपिंग प्वाइंट से 10 ट्राली कचरे का उठान किया गया।
शुक्रवार को भी नगर परिषद के सफाई और दमकल कर्मचारियों का धरना प्रदर्शन 10वें दिन भी जारी रहा। हिसार में हुई बैठक में कोई सहमति नहीं बन पाई तो जिले के सफाई कर्मचारी भी आक्रोश में आ गए। ऐसे में दोपहर तीन बजे नगर परिषद अधिकारी ड्यूटी मैजिस्ट्रेट हरीश शर्मा डीएम हरियाणा वेयर हाउस डीएम की नियुक्ति में पुलिस बल के साथ शहर में सफाई करवाने के लिए पहुंचे। शहर के शिव पुरी रोड पर स्थित अस्थाई डंपिंग प्वाइंट पर भारी पुलिस बल की तैनाती में ठेकेदार के कर्मचारियों ने सफाई करने का काम शुरू कर दिया। मामले की सूचना हड़ताली कर्मचारियों को लगी तो सभी कर्मचारी जिला अध्यक्ष मनोज अटवाल के साथ शिवपुरी रोड स्थित डंपिंग प्वाइंट पर पहुंचे और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। कर्मचारियों ने पुलिस के सामने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और सफाई न होने देने की चेतावनी दी। करीब आधे घंटे तक हड़ताली कर्मचारियों ने रोष प्रदर्शन किया और कूड़े पर दरी बिछाकर धरना दे दिया। ऐसे में नगर परिषद कार्यकारी अधिकारी संदीप मलिक कर्मचारी नेताओं के साथ बातचीत करते रहे। लेकिन कर्मचारियों ने एक नहीं सुनी। आधे घंटे बाद पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे सभी हड़ताली कर्मचारियों को हिरासत में ले लिया और शहर के पुलिस लाइन में पहुंचा दिया। इस दौरान सिविल लाइन थाना प्रभारी रामनिवास, सदर थाना प्रभारी ईश्वर सिंह, मुख्य सफाई निरीक्षक जयवीर सिंह, सफाई निरीक्षक पवन कंबोज और पुलिस के जवान भी उपस्थित रहे।
प्रदर्शनकारी बोले: कूड़ा हमारे से लिए सोना, ईओ बोले: इसे उठाने दो संभाल कर एक जगह रखेंगे
हड़ताली कर्मचारियों के प्रदर्शन के दौरान ईओ संदीप मलिक ने सभी को वहां से हटने के लिए कहा और सफाई करने में सहायता करने की अपील की। जिसके बाद हड़ताली कर्मचारी बोले जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता तब तक वह शहर से सफाई नहीं होने देंगे। ऐसे में एक प्रदर्शनकारी महिला ने कहा कि कूड़ा हमारे लिए सोना है। उनकी बात का जवाब देते हुए ईओ ने कहा कि उन्हें वह उठाने देे और वह उसे एक जगह पर संभालकर रखेंगे। हालांकि इस दौरान नगर परिषद कर्मचारियों और अधिकारियों में कहासुनी भी होती रही। सभी प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेने के बाद नगर परिषद ठेकेदार के कर्मचारियों ने सफाई करने का काम शुरू कर दिया ।
पुलिस लाइन में पुलिस द्वारा अभद्र व्यवहार करने का आरोप
पुलिस की ओर से हिरासत में लिए गए सभी कर्मचारियों को बस में सवार कर पुलिस लाइन में पहुंचा दिया। ऐसे में कर्मचारी नेता मनोज अटवाल ने आरोप लगाया कि पुलिस कर्मचारी उनके साथ पुलिस लाइन में अभद्र व्यवहार कर रहे है। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि पुलिस से उन्होंने पानी की मांग की थी लेकिन वह इसका उल्टा जवाब दे रहे है और अभद्र व्यवहार कर रहे है।