संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय में सोमवार देर रात्रि हॉस्टल की छात्राओं ने हंगामा कर दिया। छात्राओं ने विरोध प्रदर्शन किया और वीसी कैंप ऑफिस का भी घेराव किया। छात्राओं ने आरोप लगाया कि हॉस्टल वार्डन का रवैया ठीक नहीं है और मेस में खाना भी अच्छा नहीं मिलता। वहीं विरोध के दौरान तीन छात्राएं बीमार हो गई हैं, उनका समय पर उपचार नहीं मिला। वीसी ने इस मामले की जांच के आदेश दिए हैं और चीफ वार्डन से रिपोर्ट भी मांगी है।
सीडीएलयू में छात्राओं के हॉस्टल में कुछ परेेशानियां थीं। इन समस्याओं को लेकर छात्राएं सोमवार को वीसी से मिलने पहुंची। इस दौरान हॉस्टल वार्डन को भी बुलाया गया। छात्राओं को आश्वासन दिया गया कि जल्द उनकी समस्या का समाधान कर दिया जाएगा। इसके बाद हॉस्टल में बैठक हुई तो विवाद हो गया। छात्राओं ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि इस दौरान बहस शुरू हो गई और उन्होंने विरोध शुरू कर दिया। छात्राओं ने बताया कि इस दौरान तीन छात्राओं की तबीयत भी खराब हो गई तो माहौल बिगड़ गया। छात्राओं ने रात्रि करीब नौ बजे के बाद एकत्र होकर हॉस्टल से बाहर प्रदर्शन शुरू कर दिया। छात्राओं ने वीसी कैंप ऑफिस का भी घेराव किया। प्रदर्शनकारी छात्राओं ने हॉस्टल वार्डन पर गंभीर आरोप लगाए। इस दौरान छात्राओं को समझाने के लिए रजिस्ट्रार डॉ. राजेश बांसल और चीफ वार्डन प्रो. मोनिका वर्मा पहुंची। उन्होंने छात्राओं को समझाया और मामला शांत करवाया। आश्वासन दिया गया कि मेस ठेकेदार को बदल दिया जाएगा, लेकिन इसमें कुछ समय लगेगा। सोमवार रात को जिस छात्रा की तबीयत खराब हुई थी, मंगलवार सुबह उनके अभिभावक मौके पर पहुंचे। उन्होंने सीडीएलयू के अधिकारियों से मुलाकात की।
अधिकारियों ने दी अनुशासन भंग न करने की चेतावनी
मंगलवार को सीडीएलयू प्रशासन की ओर से सभी छात्राओं को चेतावनी दी गई है कि अनुशासन भंग करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। यदि कोई हंगामा करेगा या अनुशासन भंग करेगा तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इतना ही नहीं उन्होंने कहा कि यदि कोई समस्या है तो बताएं, उनका समाधान किया जाएगा। चीफ वार्डन ने छात्राओं को कहा कि यदि उक्त विद्यार्थी नहीं माने तो अभिभावकों को बुलाया जाएगा।
छात्राओं ने रजिस्ट्रार से मुलाकात, घटनाक्रम की पूरी जानकारी दी
मंगलवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के बैनर तले विद्यार्थियों ने रजिस्ट्रार से मुलाकात की। इस दौरान मुस्कान, दिशा, बिंदु, पूनम, कविता, दृष्टि, जसकिरण, श्वेता ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी और लिखित शिकायत भी दी। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के जिला संयोजक व विश्वविद्यालय इकाई अध्यक्ष सुरेंद्र बैनीवाल ने बताया कि परिषद का स्पष्ट मत है कि वह विद्यार्थियों के साथ है। उन्होंने पूरे मामले की जांच और दोषी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कार्रवाई न हुई तो विद्यार्थी परिषद् सड़कों पर उतरने को मजबूर होगी।
अस्थायी समाधान कर दिया है, जांच कर रहे हैं : रजिस्ट्रार
छात्राओं का मेस में खाने को लेकर ईश्यू था, जबकि दूसरी ओर आरोप है कि वार्डन ने अभद्र व्यवहार किया है। अभी वार्डन छुट्टी पर है। इस मामले की जांच शुरू कर दी है। चीफ वार्डन की ओर से रिपोर्ट आने के बाद आगे कार्रवाई होगी। वार्डन को कहा गया है कि जब तक मामला शांत न हो जाए, तब तक हॉस्टल न जाएं। मैस के प्रबंधकों को भी व्यवस्था में सुधार के निर्देश दे दिए हैं। -डॉ. राजेश बांसल, रजिस्ट्रार, सीडीएलयू, सिरसा।
मामले पर लिया है संज्ञान, प्रक्रिया के तहत होगा सुधार : चीफ वार्डन
मामला हमारे संज्ञान में है। हमारा प्रयास है कि छात्राओं को उचित सुविधाएं दी जाएं। बच्चों की मांगें पूरी कर दी गई थीं। हम लगातार बच्चों को संभाल रहे हैं। यदि मेस में समस्या है तो व्यवस्था बदल दी जाएगी। -प्रो. मोनिका वर्मा, चीफ हॉस्टल वार्डन, सीडीएलयू।