रोहतक। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के नाम एक और बड़ी उपलब्धि दर्ज हुई है। यह उपलब्धि दुनिया के शीर्ष दो प्रतिशत वैज्ञानिकों में विश्वविद्यालय के एक सेवानिवृत्त प्रोफेसर समेत तीन वैज्ञानिकों के नाम शामिल होना है। इनमें फार्मास्युटिकल साइंस विभाग से प्रो. बी नर्सिम्हन, सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी से डॉ. सर्वजीत सिंह गिल व बायोकेमेस्ट्री से सेवानिवृत्त प्रो. सीएस पुंडीरशामिल है। यूएसए की स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी ने विश्व के श्रेष्ठ दो प्रतिशत वैज्ञानिकों के आउटस्टैंडिंग कंट्रीब्यूशन ड्यूरिंग कॅरियर 2024 की सूची जारी है। एमडीयू के 13 फैकल्टी सदस्यों और 6 विद्यार्थियों के नाम आउटस्टैंडिंग रिसर्च कंट्रीब्यूशन इन ए सिंगल ईयर 2024 की सूची में शामिल किए गए हैं।
यूएसए के विश्वविद्यालय ने वर्ष 2023 व अपने जीवन में विशेष शोध कार्य के लिए वैज्ञानिकों की सूची जारी की है। इनमें एमडीयू से बायोटेक्नोलॉजी विषय में डाॅ. सीएस पुंडीर (सेवानिवृत प्रोफेसर, बायोकेमिस्ट्री विभाग), मेडिसनल एंड बायोमोलीक्यूलर केमिस्ट्री क्षेत्र में फार्मास्युटिकल साइंसेज विभाग के प्रो. बी. नरसिम्हन व प्लांट बायोलोजी एंड बॉटनी में सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी से डाॅ. सर्वजीत सिंह गिल का चयन हुआ है।
वर्ष 2023 में उल्लेखनीय शोध के लिए मेडिसनल एंड बायोमोलीक्यूलर केमिस्ट्री विषय में जेनेटिक्स विभाग के सेवानिवृत्त प्रोफेसर डाॅ. जेपी यादव, केमिस्ट्री विभाग की सेवानिवृत प्रोफेसर डाॅ. विनोद बाला तक्षक, फार्माकोलॉजी एवं फार्मेसी में फार्मास्युटिकल साइंसेज विभाग की प्रो. संजू नंदा व प्रो. हरीश दूरेजा, एप्लाइड फिजिक्स में केमिस्ट्री विभाग के प्रो. देवेंद्र सिंह व डाॅ. नवीन कुमार, माइक्रोबायोलॉजी में बायोकेमिस्ट्री के डाॅ. नरसिंह चौहान व माइक्रोबायोलोजी के डाॅ. केके शर्मा, मेटेरियल्स क्षेत्र में मेकेनिकल इंजीनियरिंग के डाॅ. दीपक छाबड़ा व इंफोर्मेशन एंड लाइब्रेरी साइंसेज में इमसॉर के डाॅ. रामफूल ओल्हयाण का चयन स्टेनफोर्ड यूनिवर्सिटी की सूची में हुआ है। एमडीयू के रसायनशास्त्र विभाग के छह शोधार्थियों के नाम भी दो प्रतिशत वैज्ञानिक सूची में शामिल किए गए हैं। इसमें डाॅ. ईशा गुप्ता, डाॅ. सितेंद्र सिंह, डाॅ. कपिशा नेहरा, डाॅ. पवन कुमार, डाॅ. अनुज दलाल व डाॅ. अंजलि हुड्डा का नाम शामिल है।
एमडीयू के चयनित वैज्ञानिकों व शोधार्थियों की मेहनत का फल मिला है। उनकी अथक मेहनत व लगन से शोध क्षेत्र में किए गए कार्यों के चलते ही विवि के शिक्षकों व विद्यार्थियों का नाम दुनिया के दो प्रतिशत वैज्ञानिकों में शामिल हुआ है। विश्वविद्यालय को इन एचीवर्स की शोध उपलब्धि पर गर्व है। इनकी शोध उपलब्धि से विश्वविद्यालय के प्राध्यापकों व शोधार्थियों को प्रेरणा मिलेगी। एमडीयू भविष्य में और बेहतर रिसर्च इकोसिस्टम के लिए हरसंभव प्रयास करेगा।
प्रो. राजबीर सिंह, कुलपति, एमडीयू।
19सीटीके20- एमडीयू के फार्मास्युटिकल साइंस विभाग के प्रो. बी नर्सिम्हन। स्रोत: एमडीयू
19सीटीके20- एमडीयू के फार्मास्युटिकल साइंस विभाग के प्रो. बी नर्सिम्हन। स्रोत: एमडीयू