बहादुरगढ़। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय सेक्टर-2 सेवाकेंद्र पर माउंट आबू से आए 77 वर्षीय राजयोगी ब्रह्माकुमार जमुना प्रसाद ने अध्यात्म मार्ग में उन्नति करने के विषय में अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि कर्मों में परमात्मा की याद समाई हो तो सफलता मिलना निश्चित है। हमारे पास जो कुछ भी है उसे परमात्मा की अमानत समझकर चलना चाहिए। अपने को सदा रूहानी स्थिति में रखकर दूसरों को भी रूह अर्थात आत्मा समझेंगे तो हम सब भी रूहे गुलाब की तरह बन जाएंगे।मुख्य संचालिका बीके अंजली ने कहा कि हमें सदा दूसरों को सुख देना है, परंतु ध्यान रहे मर्यादा तोड़कर किसी को सुख दिया तो वह भी दुख के खाते में जमा हो जाता है। सेक्टर-2 सेवाकेंद्र की संचालिका बीके विनीता ने सभी का स्वागत किया। इस मौके पर रामफल, विनय, सतीश, सुरेंद्र, संदीप सिंघल आदि उपस्थित रहे।