रोहतक। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय में बुधवार को जूनोटिक रोगों की रोकथाम के लिए 'वन हेल्थ' जागरूकता कार्यशाला हुई। एम्स, नई दिल्ली के विशेषज्ञ मणिपाल राणा ने इन बीमारियों को रोकने पर जोर दिया। राणा ने जूनोटिक बीमारियों की रोकथाम के लिए वैज्ञानिकों, चिकित्सकों, पशु विशेषज्ञों और आम लोगों के सामूहिक प्रयास पर जोर दिया। उन्होंने 'वन हेल्थ' अवधारणा समझाई जिसके अनुसार मानव, पशु और पर्यावरण का स्वास्थ्य परस्पर जुड़ा है। किसी एक क्षेत्र की उपेक्षा से संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है। जूनोटिक बीमारियों से बचाव के लिए लोगों में जागरूकता बढ़ाना आवश्यक है। एमडीयू के बायोटेक्नोलॉजी केंद्र (सीबीटी) ने यह कार्यशाला आयोजित की। सीबीटी निदेशक रितु गिल ने राणा का आभार व्यक्त किया। डीन मीनाक्षी वशिष्ठ सहित कई विशेषज्ञ और शोधार्थी भी कार्यक्रम में मौजूद रहे। संवाद