रोहतक। हरियाणा आयोजन समिति के बैनर तले रविवार को इंडिया मार्च फॉर साइंस को लेकर एक जुलूस शहर में निकाला गया। इससे पहले महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय कैंपस में सभा की गई और विश्वविद्यालय के गेट नंबर एक तक जुलूस निकाला गया। इस मार्च में छात्रों ने सक्रिय रूप से भाग लिया।
सभा में ब्रेकथ्रू साइंस सोसाइटी के अखिल भारतीय सदस्य चंचल घोष व हरियाणा चैप्टर के संयोजक हरीश कुमार ने विचार रखा। वक्ताओं ने सरकार के कथित विज्ञान विरोधी एजेंडे के खिलाफ आंदोलन संगठित करने व एकजुट होने का आह्वान किया। बताया गया कि मार्च फॉर साइंस कार्यक्रम का पहला उद्देश्य भारत में वैज्ञानिक परिदृश्य को परेशान करने वाले महत्वपूर्ण मुद्दों पर ध्यान आकर्षित करना था। इनमें मुख्य रूप से वैज्ञानिक अनुसंधान के लिए अपर्याप्त बजट आवंटन, अवैज्ञानिक और अस्पष्ट विचारों का प्रसार और एनआरएफ बिल पर चर्चा हुई। भारतीय ज्ञान प्रणाली के नाम पर छद्म विज्ञान का प्रसार करके स्कूल शैक्षणिक पाठ्यक्रम में बदलाव लाकर साक्ष्य-आधारित वैज्ञानिक दृष्टिकोण को कमजोर करने के सरकार के हालिया फैसले शामिल हैं। कार्यक्रम में एक वैज्ञानिक वातावरण को बढ़ावा देने के महत्व पर जोर दिया गया, जो साक्ष्य-आधारित अनुसंधान को महत्व दे व पर्याप्त संसाधन आवंटित करे। अवैज्ञानिक विचारों के प्रसार पर रोक लगे।