17सीटीके18..पीजीआई में प्रदर्शन करते रेजिडेंस डाॅक्टर। संवाद
रोहतक। सुरक्षा की मांग को लेकर रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल जारी है। कोलकाता में महिला ट्रेनी डॉक्टर के साथ बर्बरता और हत्या के खिलाफ रेजिडेंट डॉक्टर एकजुट और गुस्से में हैं। रेजिडेंट डॉक्टर्स ने शनिवार को आईएमए, इंटर्न व विद्यार्थियों ने मिलकर रोष मार्च निकाला। साथ ही नुक्कड़ नाटक कर अन्याय के खिलाफ एक मजबूत संदेश दिया। मार्च में एचएसएमटीए ने भी भाग लिया। रेजिडेंट डॉक्टर ने कहा कि वह मरीज की जिंदगी को खतरे से निकालने में सफल हो जाते हैं, लेकिन खुद की जिंदगी के लिए संघर्ष कर रहे हैं। हम पर कभी भी हमला हो जा रहा है। हमारी हत्या हो रही है। यह हर हाल में बंद होना चाहिए। चिकित्सकों को सुरक्षा की गारंटी मिलनी चाहिए। रेजिडेंट डॉक्टरों ने शनिवार को भी अपनी मांग दोहराई कि बिना सुरक्षा काम नहीं। चिकित्सकों ने ओपीडी में मानव श्रृंखला बनाकर रोष प्रकट किया।
इस दौरान ये नारे लगाए
-सुनो द्रोपदी अब शस्त्र उठालो, गोविंद नहीं आएंगे।
-मां दुर्गा हम शर्मिंदा हैं, बंगाल में कातिल जिंदा हैं।
-सुनो डॉक्टर की पुकार अपनी सुरक्षा के लिए हैं लाचार
-चिकित्सकों को भी जीने का है हक
-सुरक्षा नहीं तो काम नहीं