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Rohtak News: रोहतक में पुलिसकर्मी नहर में कूदा, पत्नी और दो शिक्षकों पर केस

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05सीटीके26...जेएलएन नहर। संवाद
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रोहतक। रोहतक पुलिस लाइन में तैनात एक हवलदार ने पत्नी और उसके दो दोस्तों की प्रताड़ना से तंग आकर वीरवार देर शाम जेएलएन नहर में छलांग लगा दी। सूचना पर पहुंची पुलिस और एनडीआरएफ की टीम देर रात से ही पुलिसकर्मी की तलाश में जुटी है, लेकिन अभी तक कोई सुराग नहीं लगा है। वहीं हवलदार संजय के भाई की शिकायत पर पुलिस ने संजय की पत्नी सुदेश और उसके दो शिक्षक मित्रों के खिलाफ बीएनएस की धारा-108 और 5(3) में आत्महत्या के लिए उकसाने की रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
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मूल रूप से सोनीपत के बुटाना गांव निवासी संजय कुमार (48) करीब 20 साल पहले हरियाणा पुलिस सेवा में आए थे। 2005 में उनकी शादी सुदेश से हुई थी। करीब 10 साल से संजय की ड्यूटी रोहतक में थी और वह सनसिटी सेक्टर-35 में परिवार के साथ रहते थे। हवलदार के भाई डॉ. रूपराम की ओर से दी गई शिकायत में आरोप लगाया गया है कि सुदेश अपने दोस्तों, बोहर निवासी प्रवेश मास्टर और खेड़ा बुटा निवासी संदीप मास्टर के साथ मिलकर संजय को प्रताड़ित करती थी। अकसर उसे तरह-तरह के ताने मारती थी। वीरवार देर शाम संजय ने प्रताड़ना से तंग आकर बोहर बाईपास के नजदीक जवाहर लाल नेहरू नहर में छलांग लगा दी।
युवकों ने नहर से निकाला, कुछ देर बाद फिर से कूद गया

पुलिस ने बताया कि वीरवार को ड्यूटी के बाद स्कूटी लेकर संजय बोहर बाईपास के नजदीक गए। वहां पर उन्होंने स्कूटी में एक नोट छोड़ा और जेएलएन नहर में छलांग लगा दी। हालांकि आसपास टहल रहे युवकों ने उन्हें नहर से बाहर निकाल लिया था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कुछ देर बाद संजय ने फिर से नहर के पुल पर जाकर छलांग लगा दी। जब तक लोग वहां पहुंचे तो संजय नहर में बह चुके थे। इसके बाद लोगों ने पुलिस को घटना की सूचना दी।
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यह लिखा है नोट में
संजय कुमार ने नोट में लिखा कि वह पत्नी सुदेश से काफी प्यार करता था। लेकिन, वह कभी उसे समझ ही नहीं पाई। अपने दो मित्रों के बहकावे में घर बर्बाद कर दिया। उसने जो गलती की है, उसके लिए माफी भी मांगी है। उन्होंने अपनी संपत्ति बेटी और बेटे के नाम करने के लिए लिखा है।
10 किमी तक नहर में किया तलाश
सूचना पाकर अर्बन स्टेट पुलिस मौके पर पहुंची और एनडीआरएफ को भी सूचना दी। रातभर करीब 10 किमी के दायरे में संजय की तलाश की। लेकिन, शुक्रवार देर शाम तक संजय का कुछ पता नहीं चला।
बेहद सौम्य स्वभाव था संजय का
हवलदार संजय कुमार की बहन पूनम ने बताया कि वह चार भाई-बहन हैं। वह सबसे छोटे हैं। सौम्य स्वभाव वाले संजय घर के विवाद को खत्म करने के लिए रोहतक आकर रहने लगे। मगर उसी विवाद ने संजय को आत्महत्या के लिए उकसाया है। कुछ दिन से काफी तनाव में थे और अकसर जान देने की बात कहते थे। उन्हें परिवार के सभी लोगों ने काफी समझाया था।
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