पीजीआईएमएस के फाॅर्माकोलॉजी विभाग की ओर से गुरुवार को रोगी सुरक्षा और फार्माकोविजिलेंस पर एक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें डेंटल ऑडिटोरियम में स्नातकोत्तर छात्रों और संकाय सदस्यों ने भाग लिया।
कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए डॉ. ज्योति कौशल कहा कि फार्माकोविजिलेंस में 2011 से विभाग अपने प्रयासों से सबसे आगे रहा है। इसमें सीडीईएससीओ को प्रतिकूल दवा प्रतिक्रियाओं (एडीआर) के लगभग 150 मामले रिपोर्ट किए गए हैं। डीन अकादमिक अफेयर्स डाॅ. ध्रुव चौधरी ने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम फार्माकोविजिलेंस पहल को आगे बढ़ाने और सक्रिय रोगी देखभाल और सुरक्षा की संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए पीजीआईएमएस रोहतक के अटूट समर्पण का प्रमाण है। उद्घाटन डॉ. संजय तिवारी, प्रिंसिपल पीजीआईडीएस, डॉ. ज्योति कौशल और फार्माकोलॉजी विभाग के अन्य सम्मानित अतिथि वक्ताओं की ओर से दीप प्रज्वलन समारोह के साथ किया गया। इस मौके पर डाॅ. मंजूनाथ, डॉ. हरनीत, डॉ. आदर्श, डॉ. विपुल आदि मौजूद रहे।