30सीटीके11- नागरिक अस्पताल में मशीन से मरीज के नेत्र जांचता नेत्र विशेषज्ञ। स्रोत : अमर उजाला
रोहतक। मानसूनी मौसम में कई बीमारियां फैलती हैं। आंखों में संक्रमण व एलर्जी की समस्या लेकर मरीज नागरिक अस्पताल पहुंच रहे हैं। यहां जलन व खुजली के करीब 20 प्रतिशत मरीज आ रहे हैं। शुक्रवार को आंखों की ओपीडी में करीब 250 मरीजों ने जांच कराई, इसमें 50 मरीज संक्रमण व एलर्जी के रहे। चिकित्सकों ने जांच कर परामर्श किया है।
बारिश और उमस के मौसम में आंख आना (संक्रमण), खुजली व जलन की समस्या हो जाती है। इसका मुख्य कारण हाथों की साफ-सफाई पर सही ढंग से ध्यान नहीं देना है। इस मौसम में पसीना आना आम है। ऐसे में कई बार हाथ पसीने को छूकर चेहरे और आंखों तक पहुंच जाता है। यहीं से संक्रमण शुरू होता है। इसके बाद आंखों में खुजली की समस्या होती है। धीरे-धीरे चुभन और फिर पूरी लाल हो जाती है। इसमें कई बार सोकर उठने के बाद नेत्र आसानी से नहीं खुलते हैं। आंखों में सूजन हो जाती है।
संक्रमण बचाने के लिए आखों का ऐसे रखें ख्याल
- आंखों को प्रत्येक दो घंटे पर एक बार जरूर धोएं।
-कंप्यूटर व मोबाइल की स्क्रीनिंग में समय कम बिताएं।
-आंख आने पर कटे खीरे को बंद आंखों पर 5 मिनट रखें।
- कपड़े में बांधकर बर्फ से सिकाई करने सूजन व खुजली से आराम मिलता है।
इस मौसम में आंखों में संक्रमण की समस्या आ जाती है। हाथों को साफ रखें। किसी वस्तु को छूने के बाद साबुन से 60 सेकंड अच्छे से हाथ धोना चाहिए। स्वयं से कोई भी आई ड्रॉप का प्रयोग नहीं करना चाहिए। दवा लेने के लिए चिकित्सक का परामर्श आवश्यक है।
-नरेंद्र लठवाल, नेत्र रोग विशेषज्ञ, नागरिक अस्पताल