रोहतक। जाट शिक्षण संस्था के कॉलेजियम चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया शुक्रवार से शुरू हो गई। पहले दिन सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक चले नामांकन प्रक्रिया में 11 लोगों ने आवेदन दिए। अतिरिक्त उपायुक्त महेश कुमार ने नामांकन स्थल छोटूराम पॉलिटेक्निक खेल मैदान में स्थित जिम्नेजियम हॉल का भी दौरा किया। 25 जनवरी तक नामांकन भरने की अंतिम तिथि तय की गई है। इसके अलावा नामांकन पत्र संबंधित सभी सूचनाएं संस्था की वेबसाइट पर डाल दी गई हैं।
पिछले आठ वर्षों से फोटो युक्त पहचान अन्य कारणों से अटके चुनावों को हरी झंडी मिलने के साथ ही संस्था के 105 कॉलेजियम के चुनाव चार फरवरी को होंगे। नामांकन पत्रों की छंटनी 26 जनवरी, नामांकन पत्रों की वापसी और चुनाव चिह्न वितरण 27 जनवरी को होगा। इसके लिए संस्था प्रशासक टीएल सत्यप्रकाश ने इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए हैं।
2015 से गठित नहीं हुई कार्यकारिणी
जाट संस्था की अंतिम कार्यकारिणी वर्ष 2015 तक रही। इस वर्ष संस्था सदस्यों ने भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए सरकार से शिकायतें की। इसके चलते सरकार ने कार्यकारिणी को भंग कर दिया। इसके बाद नई कार्यकारिणी के चुनाव की प्रक्रिया शुरू हुई। चुनावी शेडयूल के अनुसार नामांकन प्रक्रिया शुरू हुई। इसी दौरान फोटो पहचान पत्र को लेकर मुद्दा उठा। कुछ सदस्यों ने न्याय की गुहार लगाते हुए अदालत का दरवाजा खटखटाया। इसके बाद से मामला अटका रहा। हालांकि किसी भी संस्था में नियमानुसार अधिकतम पांच वर्ष का प्रशासक कार्यकाल पूरा हो सकता है। इसके बावजूद संस्था की जिम्मेदारी अबतक प्रशासक के हाथों में रही है।
यह है जाट संस्था का इतिहास
जाट शिक्षण संस्था की स्थापना वर्ष 1913 में हुई थी। इसके बाद कई दशक तक सर्वसम्मति से संस्था का प्रधान चुना जाता रहा। कुछ दिनों तक अस्थायी प्रधान भी रहे। इसके बाद सितंबर 1913 में चौथी देवी सिंह को सर्वसम्मति से प्रधान बनाया गया। संस्था में वोटों से होने वाला पहला चुनाव वर्ष 1990 में हुआ।