माई सिटी रिपोर्टर
रोहतक। शहर के मेयर और पार्षद का कार्यकाल दो दिन बाद पूरा हो रहा है। विकास कार्यों को लेकर कितने ही बड़े दावे किए जाएं, लेकिन कहीं-कहीं हकीकत अलग है। शहर के प्रेम नगर और सुभाष नगर की वाल्मीकि बस्ती वाली गली के निर्माण की उम्मीद दो दशक बाद जगी थी। नगर निगम की इंजीनियरिंग ब्रांच ने दोनों गलियों की फाइल ही गुम कर दी। वार्ड की महिला पार्षद हाउस में आवाज उठा चुकी हैं। अब निगम के अधिकारी कह रहे हैं कि नए सिरे से टेंडर लगवाएंगे।
प्रेम नगर निवासी प्रवीण सनन ने बताया कि हनुमान मंदिर वाली गली 2004 में बनी थी, जहां मंदिर के चलते लोगों का काफी आना-जाना लगा रहता है। अनदेखी के कारण गली का स्तर न केवल नीचे जा चुका है, बल्कि जगह-जगह गड्ढे भी हो गए हैं। हालत यह है कि पांच परिवार तो मकान बेचकर जा चुके हैं। बारिश के समय गली में पानी भर जाता है। अगर घर के बाहर सीमेंट के अवरोधक न बनाए तो पानी अंदर तक चला जाए। उन्होंने मेयर मनमोहन गोयल व वार्ड की महिला पार्षद के पति अशोक खुराना को भी हालत से अवगत कराया था। उन्होंने जल्द गली बनवाने का आश्वासन दिया था। एक बार गली निर्माण के लिए सामग्री आ गई थी, लेकिन उसे वापस उठवा दिया गया। अब दोबारा गली का निर्माण कार्य शुरू नहींं हो सका है।
वाल्मीकि बस्ती के लोग बोले, दो बार चंदा एकत्रित करके मरम्मत करवाई
सुभाष नगर की वाल्मीकि बस्ती निवासी अनिल कुमार और संदिश वाल्मीकि ने बताया कि उनकी बस्ती में 70 से 80 परिवार रहते हैं, जहां तीन-चार गलियां हैं। करीब 20 साल पहले यह गलियां बनी थीं। निगम की तरफ से गलियों को दोबारा बनाने के लिए ध्यान नहीं दिया गया। एक बार बस्ती निवासियों ने प्रति परिवार एक-एक हजार रुपये एकत्रित करके गली की मरम्मत करवाई थी। दूसरी बार डेढ़-डेढ़ हजार रुपये एकत्रित किए थे। अब फिर गलियां टूट गई हैं। वार्ड पार्षद से गलियों के निर्माण की मांग कर चुके हैं। उन्होंने जल्द निर्माण का भरोसा दिया हुआ है, लेकिन अभी काम शुरू नहीं हो सका है।
तीन जनवरी को हुई बैठक में भी उठा था मामला
नगर निगम की इंजीनियरिंग ब्रांच की तरफ से वार्ड के प्रेम नगर व सुभाष नगर में गलियों के निर्माण व मरम्मत के लिए करीब 25 लाख का टेंडर तैयार किया था। उसे प्रशासनिक अनुमति भी मिल चुकी थी। टेंडर खोलने से पहले दोनों फाइल गुम हो गई। पूछने पर अधिकारियों ने कहा कि फाइल मिल नहीं रही हैं। हाउस की तीन जनवरी को हुई बैठक में भी मामले को उठाया था। अधिकारियों ने जल्द नए सिरे से टेंडर का भरोसा दिया है। लोगों को परेशान नहीं होने देंगे। जल्द गलियों का निर्माण कार्य करवाएंगे।
- अशोक खुराना, पार्षद पति वार्ड नंबर 13
इंजीनियरिंग ब्रांच से फाइल अकाउंट ब्रांच में भेजी थी, जहां गुम हो गई। अब नए सिरे से फाइल तैयार करवा दी हैं। जल्द टेंडर जारी कर गलियों का निर्माण करवा देंगे।
- मनदीप धनखड़, कार्यकारी अभियंता नगर निगम।