फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rohtak News: पैथोलॉजिस्ट न होने से हो पा रही एफएनएसी जांच, मरीज परेशान

Mon, 01 Apr 2024 02:17 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
विज्ञापन
विज्ञापन
बहादुरगढ़। शहर के सरकारी अस्पताल में इन दिनों मरीजों को एफएनएसी (फाइन निडल एस्पिरेशन साइटोलॉजी) जांच की सुविधा नहीं मिल पा रही है। इससे मरीज परेशान हैं।
विज्ञापन

बहादुरगढ़ के सरकारी अस्पताल में दो पैथोलॉजिस्ट हैं, लेकिन इनमें से एक डॉक्टर मेटरनिटी लीव पर है तो दूसरे डॉक्टर की ड्यूटी डेपुटेशन पर झज्जर के सरकारी अस्पताल में सेवाएं दे रही हैं। इसके चलते मरीजों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यह समस्या कोई एक-दो दिनों से नहीं बल्कि लंबे समय से हो रही है। इसकी जांच के लिए या तो मरीजों को झज्जर के अस्पताल में दौड़ लगानी पड़ रही है या फिर बाहर से रुपये खर्च कर करके जांच करानी पड़ रही है। हालांकि पैप टेस्ट के लिए सेंपल तो यहां लिए जा रहे हैं मगर जांच के लिए सेंपल को झज्जर भेजा जा रहा है। ऐसे में जांच रिपोर्ट आने में समय भी लग रहा है।
यहां पर पैथोलाजिस्ट डा. संगीता व डा. कुणाल कार्यरत हैं मगर इनमें से डा. संगीता मेटरनिटी लीव पर है। वहीं डा. कुणाल को बहादुरगढ़ से झज्जर डेपुटेशन पर लेकर कार्य करवाया जा रहा है। उन्हें टीबी विभाग का चार्ज दिया हुआ है। ऐसे में बहादुरगढ़ में अब पैथोलॉजिस्ट डाक्टरों की सेवाएं नहीं मिलने से मरीजों परेशान हैं। पैप जांच के लिए सेंपल जरूर नागरिक अस्पताल में लिए जा रहे हैं मगर उन्हें जांच के लिए झज्जर के नागरिक अस्पताल में भेजा जा रहा है। वहां से कई बार रिपोर्ट आने में देरी होने पर मरीजों की तकलीफें और बढ़ रही है। अस्पताल में इलाज के लिए पहुंचने वाले मरीजों सुरेंद्र सिंह, विक्की, सतबीर सिंह, कृष्ण कुमार ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से मांग की है कि यहां सरकारी अस्पताल में इसके विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियमित ड्यूटी लगाई जाए। ताकि उन्हें दिक्कत न उठानी पड़े। यहां पर हर माह 40 से 50 मरीज एफएनएसी की जांच के लिए आते हैं।
विज्ञापन


वर्जन...
अस्पताल में पैथालॉजिस्ट की व्यवस्था करने के संबंध में अधिकारियों को पत्र भी लिखा हुआ है। पैथालॉजी डॉ संगीता मेटरनिटी लीव पर हैं जबकि डा. कुणाल डेपुटेशन पर झज्जर में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इस वजह से एफएनएसी जांच कार्य कुछ प्रभावित जरूर है। मगर फिर भी मरीजों को परेशानी नहीं आने दी जा रही। उनकी जांच करवाने को लेकर हर उचित कदम उठाए जा रहे हैं।
विज्ञापन


-डॉ. मंजू कादियान, पीएमओ नागरिक अस्पताल बहादुरगढ़।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें