रोहतक। नगर निगम के रिकॉर्ड में खाली प्लाटों में होटल, पीजी, कोचिंग सेंटर या दूसरी कॉमर्शियल गतिविधियां चल रही है। मंगलवार को निगम आयुक्त ने प्रॉपर्टी टैक्स और बिल्डिंग ब्रांच के अधिकारियों की मौजूदगी में नोटिस देकर बिल्डिंग ब्रांच और प्रॉपर्टी टैक्स ब्रांच के नियमों का उल्लंघन करने वाले 100 से ज्यादा भवन मालिकों को व्यक्तिगत सुनवाई के लिए बुलाया। साथ ही 31 मार्च तक रिकॉर्ड अपडेट करवाकर टैक्स जमा कराने की हिदायत दी। साथ ही बताया कि 27, 28 व 29 मार्च को नगर निगम में प्रॉपर्टी टैक्स रिकॉर्ड अपडेट करवाकर टैक्स जमा कराने के लिए शिविर लगाएगा।
चालू वित्त वर्ष 31 मार्च को खत्म हो रहा है, जिसमें नगर निगम में प्रॉपर्टी टैक्स वसूली का 55 करोड़ का टारगेट रखा था, लेकिन निगम अब तक 25 करोड़ के करीब ही टैक्स जमा करवा सका। निगम के अधिकारियों को जांच में पता चला हैं कि लंबे समय से कॉमर्शियल भवन मालिकों ने प्रॉपर्टी आईडी अपडेट नहीं करवाई है। इसका आर्थिक नुकसान नगर निगम को हो रहा है। क्योंकि प्रॉपर्टी टैक्स ब्रांच के रिकॉर्ड में खाली प्लाट हैं, जबकि प्लाट में अब बिल्डिंग बन चुकी है। इसके अतिरिक्त निगम आयुक्त ने रिहायशी क्षेत्र में चल अवैध कोचिंग सेंटर, पीजी, हॉस्टल व होटल मालिकों से भवन प्लान, हाउस टैक्स बिल, फायर एनओसी व पार्किंग सुविधा का रिकॉर्ड मांगा है। दस्तावेजों की जांच के दौरान मापदंड पूरा न करने वाले भवन मालिकों को निर्देश दिए गए है कि वह एक सप्ताह के अंदर रिकॉर्ड अपडेट करवाएं। नहीं तो निगम अप्रैल में अधिनियम 1994 के तहत कार्रवाई करेगा।
तीन होटल होंगे सील, एक अप्रैल से कार्रवाई
आयुक्त ने बताया कि नियम तोड़ने वाले भवन मालिकों के खिलाफ सीलिंग की कार्रवाई एक अप्रैल से की जाएगी। उससे पहले तीन होटल सील किए जाएंगे, जो बिना अनुमति के चल रहे हैं।