राहतक। बलियाना मोड़ के पास शराब ठेके पर हुए तिहरे हत्याकांड में रिमांड पर लिए गए तीन हत्यारोपियों से पिस्तौल, कार और बाइक बरामद कर ली है। हत्या के लिए हथियार मुहैया कराने में बागपत के बालैनी निवासी दीपक का नाम सामने आया है। वहीं, हत्याकांड को अंजाम देने के बाद दो हत्यारोपी कार से सेक्टर-3 तो एक हत्यारोपी चमारिया रोड स्थित घर पर गया था। आधी रात के बाद दिल्ली और गाजियाबाद के लिए रवाना हो गए। इसके बाद आरोपी देहरादून गए। पूछताछ में राहुल बाबा गैंग का नाम आया। उसी के कहने पर वारदात को अंजाम दिया था।
19 सितंबर की रात बलियाना मोड़ स्थित शराब ठेके पर बोहर निवासी सुमित प्लोटरा के भाई अमित उर्फ मोनू, विनय और जयदीप की हत्या कर दी गई थी, जबकि सेल्समैन अनुज और मनोज गोली लगने से घायल हो गए थे। इस पूरी घटना के पीछे राहुल बाबा गैंग का हाथ सामने आया था। पुलिस ने पांच दिन पहले राहुल बाबा गैंग के शूटर सोनू, कशिश और कपिल को गिरफ्तार किया था। तीनों को पांच दिन की रिमांड पर लिया था। आरोपियों को सोमवार को अदालत के समक्ष पेश कर जेल भेज दिया है।
सीआईए-टू प्रभारी सतीश कादियान ने बताया कि हत्याकांड राहुल बाबा ने करवाया है। हत्या के पीछे सुनारिया जेल में राहुल पर हुआ हमला कारण बना है। जेल में पिटाई होने से राहुल नाराज था। उसे शक था कि सुमित प्लोटरा ने पिटाई करवाई है। इसी का बदला लेने के लिए राहुल बाबा ने साेनू से रेकी करवाई और तीनों ने हत्याकांड को अंजाम दिया।
आरोपियों से पूछताछ की तो कपिल उर्फ शूटर के घर से हत्या में प्रयोग की गई पिस्तौल-बाइक बरामद हुई है। सोनू और कशिश से कार जब्त की गई। पुलिस ने बताया कि हत्याकांड को अंजाम देने के लिए बागपत के बालैनी निवासी दीपक ने हथियार मुहैया करवाए थे। अभी दो पिस्तौल बरामद नहीं हो पाए हैं। वहीं, गैंगस्टर राहुल बाबा का अभी कोई सुराग नहीं लगा है। बागपत के दीपक को भी गिरफ्तार करने के लिए पुलिस ने कई जगह दबिश दी है, लेकिन कामयाबी नहीं मिली है।