महम। रोहतक-हांसी वाया महम रेलवे लाइन को लेकर भाजपा और कांग्रेस में श्रेय लेने की होड़ लग गई है। राज्यसभा सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा की ओर से हुई शुरुआत के बाद वाकयुद्ध अब थमने का नाम नहीं ले रहा है। दीपेंद्र ने रेल लाइन को कांग्रेस की देन बताया तो अगले ही दिन भाजपा नेता शमशेर खरकड़ा ने भाजपा के शासनकाल में धन मुहैया कराने और तत्कालीन रेल मंत्री से सिफारिश कर रेल लाइन मंजूर कराने की बात कही। बुधवार को पूर्व मंत्री आनंद सिंह दांगी ने इसे पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के कार्यकाल की उपलब्धि बताया। वहीं महम से इस बार चुनाव में बेटे बलराम दांगी को चुनावी मैदान में उतारने की इच्छा जताई।
महंगाई, बेरोजगारी और आपराधिक घटनाओं के लिए सरकार को घेरा
बुधवार को दांगी ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि तत्कालीन रेल मंत्री मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा की मौजूदगी में हांसी से रेलवे लाइन का शिलान्यास किया जा चुका था। इस प्रोजेक्ट को लेकर भाजपा नेता बिना मतलब श्रेय लेने की होड़ में जुटे हैं। जबकि हकीकत यह है कि देश-प्रदेश में महंगाई, बेरोजगारी और बढ़ती आपराधिक घटनाओं के चलते अफरा-तफरी का माहौल है। जनता पिछले चुनाव में भाजपा को वोट देकर अपने आपको ठगा महसूस कर रही है। आने वाला समय कांग्रेस का होगा और स्पष्ट बहुमत के साथ केंद्र एवं राज्य में कांग्रेस सरकार बनाएगी।
दांगी ने कहा कि उनकी आगामी चुनाव में कोशिश रहेगी कि उनका बेटा बलराम दांगी चुनाव लड़े। लेकिन उनके लिए पार्टी का निर्णय सर्वोपरि रहेगा। वह 73 वर्ष के हो चुके हैं। इसलिए अब वे राजनीति नहीं करना चाहते। भाजपा ने नौ साल के शासन काल में कोई भी काम नहीं कराया। गांव से गांव को जोड़ने वाली सभी सड़कें टूटी पड़ी हैं। जबकि उनके शासन काल में स्कूलों को अपग्रेड किया गया था। आज अस्पताल में सुविधाओं का टोटा बना हुआ है। जनता में सरकार के प्रति रोष है।