हरियाणा के रोहतक में मुंबई पुलिस का डीएसपी बनकर सेक्टर छह की महिला से ठग गिरोह ने 65 लाख रुपये ठग लिए। समय रहते महिला कुमुदनी ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने तत्काल उस खाते को फ्रिज करवा दिया जिसमें राशि ट्रांसफर हुई थी। इसके बाद पुलिस 43 लाख 34 हजार रुपये वापस पीड़ित महिला को दिलवाने में कामयाब रही।
साइबर थाना प्रभारी राजीव ने बताया कि सात मार्च को सेक्टर 36 ए निवासी कुमुदनी ने शिकायत दी थी कि 29 फरवरी की सुबह उसके पास कॉल आई। उससे कहा गया कि आपके नाम से पार्सल मुंबई से बुक हुआ है। कुमुदिनी के मना करने पर उन्होंने पार्सल की झूठी जानकारी भेजी व महिला पर शक जाहिर किया।
बताया गया कि पार्सल में कपडे़, लैपटॉप, क्रेडिट कार्ड, पासपोर्ट व एमडीएमए ड्रग्स है, कोरियर सर्विस के माध्यम से ईरान भेजे जा रहे हैं। कुमुदिनी को फोन पर बार बार किसी पुलिस अधिकारी की साइबर पुलिस की फर्जी आईडी भेजकर गिरफ्तार करने का दबाव बनाया गया।
मुंबई पुलिस का डीएसपी बनकर कुमुदिनी के सारे अकाउंट की डिटेल ली। साथ ही एक साल के खाते कि ट्रांजेक्शन की जानकारी ली। इसके बाद कहा कि आपको साबित करना होगा कि उसकी आईडी चुराई गई है और पकड़े गए गिरोह से कोई लेना देना नहीं है।
गिरफ्तार करने की धमकी देकर अकाउंट का पासवर्ड लिया
शिकायतकर्ता ने बताया कि उसको गिरफ्तार करने की धमकी देकर उसके अकाउंट का पासवर्ड और अन्य जानकारी ली। इसके कुमुदनी की एफडी बंद करके 65 लाख 33 हजार 225 रुपये निकाल लिए। कुमुदिनी ने साइबर हेल्पलाइन नम्बर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई। साइबर थाने की पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उस खाता को फ्रिज कराया, जिसमें पैसा गया था। इसके बाद 43 लाख 34 हजार 600 रुपये वापस लौटाए।