जब घर जाने के लिए कोई साधन नहीं मिला तो मैं स्टैंड से खुद रोडवेज बस
लेकर घर की ओर चल दिया। अपने गांव दूबलधन माजरा के पास मैंने सड़क पर ही बस
को खड़ा कर दिया था।
मुझे तो केवल घर जाने की जल्दी थी, बस चोरी का कोई
इरादा नहीं था। यह बात पुलिस और रोडवेज प्रशासन को चकमा देकर न्यू बस
स्टैंड से रोडवेज बस चोरी करने के आरोपी मनोज ने पुलिस पूछताछ में बताई।
आरोपी वारदात के पांच दिन बाद पुलिस के हत्थे चढ़ गया। आरोपी को पकड़ने के
लिए पुलिस ने जाल बिछाया और गुप्त सूत्रों की सूचना मिलते ही पुलिस ने केस
सुलझा दिया। अर्बन एस्टेट थाना पुलिस ने मामले में आरोपी दूबलधन माजरा
निवासी मनोज उर्फ गन्नू को गिरफ्तार किया है।
न्यू बस स्टैंड चौकी प्रभारी
नरेंद्र ने बताया कि सोमवार को आरोपी कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे
जेल भेज दिया गया।
बता दें कि 23 दिसंबर को मनोज नए बस स्टैंड पर खड़ी
दिल्ली डिपो की बस को अल सुबह लेकर भाग खड़ा हुआ था। गेट पर तैनात चौकीदार
ने बस के आगे खड़े होकर रोकने का प्रयास किया लेकिन गति अधिक होने कारण वह
पीछे हट गया। चौकीदार ने ऑटो से बस का पीछा कर पुलिस को सूचना दी थी, इसके
बाद पुलिस भी बस के पीछे लग गई थी।
करीब दो घंटे के प्रयास के बाद पुलिस ने
बस को तो कब्जे में ले लिया लेकिन चालक पकड़ में नहीं आया। हालांकि वारदात
के करीब पांच दिन आरोपी को पकड़ने में पुलिस ने सफलता पाई।