फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

छात्रा यौन शोषण मामले की बाल कल्याण समिति करेगी जांच

विज्ञापन
विज्ञापन
खबर का असर : इपीएफ 6 जुलाई, 7 जुलाई
विज्ञापन


सीडब्ल्यूसी करेगी छात्राओं से यौन उत्पीड़न मामले की जांच
-दो अन्य छात्राओं ने रिश्तेदारों पर लगाए यौन शोषण करने के आरोप
-समिति के सदस्यों ने स्कूल की महिला शिक्षिका से छात्राओं की पहचान करने के दिए निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक। स्कूली छात्राओं द्वारा स्कूल के ही शिक्षक पर यौन उत्पीड़न के मामले की जांच जारी है। जांच के दौरान जांच टीम के सामने दो ऐसी छात्राएं सामने आईं, जिनका यौन शोषण उनके रिश्तेदारों द्वारा किया जा रहा है। मामले की गंभीरता को समझते हुए बाल कल्याण समिति भी अपने स्तर पर मामले की जांच करने के लिए आगे आई है। जांच टीम ने सोमवार दोपहर स्कूल में जाकर स्टाफ सदस्यों से जानकारी जुटाई।
स्कली छात्राओं द्वारा स्कूल के ही शिक्षक पर यौन शोषण के मामले में शिक्षा विभाग की जांच अभी जारी ही है। इस दौरान बाल कल्याण विभाग की टीम ने भी मामले की अपने स्तर की जांच शुरू कर दी है। बाल कल्याण समिति की जांच टीम की अध्यक्षता डॉ. राज सिंह सांगवान ने की। बाल कल्याण समिति की जांच टीम ने स्कूल में स्टेज के आस-पास का भी मुआयना किया। जांच टीम ने स्कूल के स्टाफ सदस्यों से मामले की पूछताछ की। स्कूल के स्टाफ सदस्य पूरी तरह से प्राचार्य के साथ खड़े नजर आए। स्टाफ सदस्यों ने बाल कल्याण समिति की जांच टीम के सामने स्कूल के लिए एक नियमित प्राचार्य की मांग की। समिति के अध्यक्ष डॉ. राज सिंह सांगवान ने स्कूल के स्टाफ सदस्यों की इस मंाग को शिक्षा विभाग के अधिकारियों के सामने रखने की बात कही।
विज्ञापन


जांच के 120 घंटे बाद तक पीड़ितों की जानकारी नहीं मिल पाई
पांच जुलाई को शिक्षा विभाग की टीम स्कूल में जांच करने पहुंची थी। जांच के दौरान टीम को जानकारी मिली कि स्कूल में दो ऐसी छात्राएं भी हैं जिनका घर पर रिश्तेदारों द्वारा यौन शौषण किया जा रहा है। जांच टीम ने स्कूल की ही एक शिक्षिका की ड्यूटी उन छात्राओं की पहचान करने की लगाई है।
विज्ञापन


बाल कल्याण समिति भी उतर आई मैदान में
स्कूली छात्राओं के यौन शोषण के मामले की जांच के दौरान शिक्षा विभाग की जांच टीम के सदस्यों को स्कूल में ही ऐसी दो छात्राओं की जानकारी मिली जिनका घर पर ही उनके रिश्तेदारों द्वारा यौन शोषण किया जा रहा है। ऐसी जानकारी मिलने के बाद बाल कल्याण समिति के सदस्यों ने भी मामले की गंभीरता को समझते हुए अपने स्तर पर मामले की जांच करने का फैसला लिया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें