महम। जम्मू कश्मीर के पुलवामा के डालीपोरा इलाके में शहीद हुए बलंभा निवासी 27 वर्षीय जवान संदीप मलिक का शुक्रवार को राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार कर दिया गया। उनका अंतिम संस्कार उनके ताऊ के शहीदी स्थल पर किया गया। शहीद के बड़े भाई नवीन ने मुखाग्नि दी। सेना की तरफ से कर्नल प्रदीप दुग्गल ने उनके पार्थिव देह पर पुष्प चक्र अर्पित कर श्रद्घांजलि दी। उन्होंने कहा कि संदीप ने देश की सुरक्षा करते हुए जिस तरह से अपने प्राणों की आहुति दी है उसे देश किसी भी कीमत पर नहीं भुला सकता। इस मौके पर सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर, एसडीएम रविन्द्र कुमार, पूर्व सांसद अरविंद शर्मा, भाजपा नेता शमशेर खरकड़ा, डीएसपी सज्जन सिंह, जिला परिषद चेयरमेन बलराज कुंडू, बिल्लु हुड्डा ने पुष्पांजलि अर्पित की। बता दें कि वीरवार तड़के आतंकियों से मुठभेड़ में गोली लगने से संदीप शहीद हो गया था।
इस दौरान शहीद की पत्नी नीरू ने बताया कि उसकी दो दिन पहले संदीप से बात हुई थी। उन्होंने बताया कि वह घर में सबसे छोटी है लेकिन पति की शहादत ने उसे उनका मान बढ़ा दिया। वे चाहती हैं कि अगले जन्म में भी उन्हें संदीप की पति के रूप में मिले। वहीं, शहीद की मां राजबाला ने कहा कि उसके दो बेटे और हैं। सेना चाहे तो उसके दोनों बेटों को देश सेवा के लिए ले जा सकती है। उसे अपने बेटे पर गर्व है जिसने देश सेवा के लिए अपनी कुर्बानी दी। वह अपने बडे़ बेटे के लड़के को भी सेना में भेजेगी।
जानकारी के अनुसार शुक्रवार सुबह करीब 8 बजे शहीद संदीप का पार्थिव देह सेना के काफिले के साथ गांव के लिए निकला। इस दौरान करीब 500 बाइकों और पुलिस जिप्सी ने काफिले की अगुवाई की। करीब 10 बजकर 50 मिनट पर संदीप का पार्थिव देह गांव पहुंचा। इस दौरान शहीद संदीप अमर रहे के नारों से गांव गूंज उठा। स्कूली बच्चों ने हाथों में अमर रहे के स्लोगन लिखे बोर्ड लेकर नारे लगाए। इस दौरान सेना के अधिकारियों ने उसके पिता को तिरंगा सौंपा। राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान सेना के जवानों व पुलिस की टुकड़ी ने सलामी दी।