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नेपाल ,राजस्थान और पंजाब के लोग भी संस्था से जुड़े, जांच में जुटा आयोग

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नेपाल, राजस्थान और पंजाब के लोग भी संस्था से जुड़े, जांच में जुटा आयोग
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काउंसिलिंग के दौरान बोलीं बच्चियां- आध्यात्मिक ज्ञान से प्राप्त होंगे भगवान
- राजसमंद से 67 बच्चियों के बरामद होने का मामला
- एक पिता ने संस्था के पदाधिकारियों पर लगाया बच्ची से जेवर और रुपये भी घर से मंगवाने का आरोप

अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक। राजसमंद के होटल से 67 बच्चियों के बरामद होने के मामले में बाल कल्याण समिति की जांच में कई चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं। बच्चियों को होटल में रखने वाली संस्था में नेपाल, राजस्थान और पंजाब के लोग भी जुड़े हैं। इसके अलावा अधिकतर बच्चियां 10वीं और आठवीं कक्षा बीच में ही छोड़ चुकी हैं। अधिकतर बच्चियों ने काउंसिलिंग के दौरान कहा कि आध्यात्मिक ज्ञान से ही उन्हें भगवान प्राप्त होंगे।
तीन दिन पहले राजसमंद के होटल में छापेमारी कर पुलिस ने यूपी, ओडिशा, नेपाल समेत विभिन्न स्थानों की 67 बच्चियों को बरामद किया था। इनमें चार बच्चियां हरियाणा के रोहतक, पानीपत व भिवानी की थीं। राजसमंद बाल कल्याण समिति और पुलिस मामले की जांच कर रही है। हरियाणा बाल संरक्षण आयोग के सदस्य बालकृष्ण गोयल ने बताया कि राजसमंद आयोग की अभी तक की जांच में सामने आया है कि बच्चियों को होटल में रखने वाली संस्था से नेपाल, राजस्थान और पंजाब के लोग भी जुड़े हुए हैं। इसके अलावा बरामद बच्चियों में अधिकतर बीच में ही क क्षा आठवीं और दसवीं की पढ़ाई छोड़ चुकी हैं। 40 से अधिक बच्चियों की आयोग काउंसिलिंग करा चुका है। काउंसिलिंग के दौरान अधिकतर बच्चियों ने कहा कि आध्यात्मिक ज्ञान से ही उन्हें भगवान प्राप्त होंगे। बताया कि ऐसा लग रहा है कि बच्चियों का ब्रेनवॉश किया गया है। एक पिता ने तो संस्था पर बच्ची से घर से रुपये और जेवर मंगवाने का भी आरोप लगाया है। अब स्थानीय बाल संरक्षण आयोग भी मामले की जांच में जुट गया है। हरियाणा की बरामद चार बच्चियों की जांच भी शुरू कर दी गई है।
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संचालकों पर दर्ज कराया जा चुका है केस
राजसमंद बाल कल्याण समिति की चेयरमैन भावना पालीवाल का कहना है कि होटल और संस्था के संचालक पर केस दर्ज कराया जा चुका है। सभी बच्चियों को उनके प्रदेश भेजने का प्रयास किया जा रहा है। परिजन आ चुके हैं। जांच पड़ताल के बाद ही सभी को उनके प्रदेश भेजा जाएगा।
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