फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पीजीआई थानाक्षेत्र में अय्याशी के ठिकाने बने कैफे, ताबड़तोड़ छापेमारी

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

रोहतक।
पीजीआई थानाक्षेत्र में चल रहे ज्यादातर कैफे अय्याशी का अड्डा बनते जा रहे हैं। एसपी के निर्देश पर मंगलवार को एंटी व्हीकल थेफ्ट एंड डिटेक्शन टीम ने शहर भर में करीब छह से ज्यादा कैफे में छापेमारी की। कैफे में अवैध रूप से बने केबिन में युवक-युवती आपत्तिजनक स्थिति में मिले। टीम ने संचालक को फटकार लगाते हुए कैफे सील कर दिया। साथ ही कैफे गेट पर नोटिस चस्पा कर संचालकों से जवाब मांगा है।
एसपी ऑफिस में दिल्ली रोड पर वीआईपी टावर, शीतल मॉल सहित डी पार्क के पास कई कैफे में आपत्तिजनक गतिविधियों की शिकायत मिल रही थी। इस पर सभी कैफे और होटल की लिस्ट तैयार की गई। फिर एसपी ने एंटी व्हीकल थेफ्ट एंड डिटेक्शन टीम के इंचार्ज इंस्पेक्टर मनोज वर्मा के नेतृत्व में टीम का गठन किया। मनोज वर्मा के नेतृत्व में पुलिस की टीम दोपहर बाद सबसे पहले जाट कॉलेज के पास वीआईपी टावर में बने कैफे और होटल में छापेमारी करने पहुंची। यहां पर कार्रवाई करने के बाद पुलिस शीतल मॉल में पहुंची। यहां पर चौथी मंजिल पर बने कैफे और मसाज पार्लर पर छापेमारी की। भवन के मालिक को कैफे में आपत्तिजनक गतिविधि बंद करवाने की चेतावनी दी गई। फिर पुलिस ने डी पार्क पर एक भवन में बने कैफे पर छापेमारी की। यहां पर कई युवक-युवती आपत्तिजनक अवस्था में मिले। हालांकि पुलिस ने उन्हें पूछताछ के बाद छोड़ दिया जबकि कैफे संचालक छापेमारी के दौरान मौके से फरार हो गये।
विज्ञापन


कोई 70 रुपये तो 100 रुपये प्रति घंटा देता है केबिन
छापेमारी के दौरान चौंकाने वाली बात सामने आई। सभी कैफे में केबिन बने हुए थे और अंदर लाइट नहीं थी। कैफे में घंटे के हिसाब से युवक युवती से रुपये वसूले जा रहे थे। किसी कैफे में केबिन के लिए एक घंटे के 70 रुपये थे तो किसी में 100 रुपये। इतना ही नहीं कैफे में अंदर संचालकों ने अवैध रूप से पलंग भी डाल रखे थे। पलंग वाले कमरे का चार्ज 500 से 800 रुपये वसूला जा रहा था। पुलिस ने कैफे से पलंग हटाकर पारदर्शी केबिन बनाने के आदेश दिये हैं।

यह कैफे रहे निशाने पर
वीआईपी टावर में कैफे डॉट कॉम, डे ड्रीम, व्हाटसअप होटल और कै फे, रॉयल कैफे, मिलन कैफे, शीतल मॉल स्थित बत्रा इंटरनेट एंड कैफे, सिद्धी विनायक, एवरी डे कै फे, जावा फोटोस्टेट एंड इंटरनेट, होटल महालक्ष्मी और वेज पांडा पुलिस के निशाने पर रहा। इनमें से अधिकतर कैफे में केबिन सिस्टम चल रहा था।
विज्ञापन


वर्जन
कैफे में अवैध रूप से केबिन बनाए गये थे। एसपी के आदेश पर कार्रवाई कर केबिन को पारदर्शी बनाने और नियमों के अनुसार कैफे चलाने के निर्देश दिये गये हैं। संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिलने पर फिर से छापेमारी की जाएगी।
-इंस्पेक्टर मनोज वर्मा, इंचार्ज, एवीटी टीम

















विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें