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Rohtak News: सिविल लाइन थाना प्रभारी भेजे गए छुट्टी पर, डीएसपी ने जांच के लिए दो दिन का समय मांगा

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माई सिटी रिपोर्टर
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रोहतक। अशोका चौक पर पान व तंबाकू विक्रेता से मिलने गए भाजपा कार्यकर्ता अंकुर नागपाल को जबरन थाने में बैठाने के मामले में सिविल लाइन थाना प्रभारी इंस्पेक्टर अरविंद को जांच पूरी होने तक छुट्टी पर भेज दिया गया है। साथ डीएसपी डॉ. रवींद्र ने जांच के लिए दो दिन का समय मांगा है। जांच के बाद कार्रवाई का भरोसा दिया है।
बुधवार रात को सिविल लाइन थाना पुलिस ने अशोका चौक पर एक दुकान पर छापा मारा। शक था कि दुकानदार प्रतिबंध तंबाकू बेचता है। पुलिस उसे थाने में ले गई। सूचना पाकर भाजपा कार्यकर्ता अंकुर नागपाल अपने तीन साथियों के साथ थाने में पहुंचा।
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आरोप है कि पुलिस ने अंकुर व उसके साथियों को जबरन बैठा लिया। मोबाइल कब्जे में लेकर अभद्रता की। यहां तक पानी पीने तक नहीं जाने दिया। तीन घंटे बाद जब उनको छोड़ा तो अंकुर ने पूर्व मंत्री मनीष ग्रोवर के बेटे हिमांशु ग्रोवर को फोन किया। इसके बाद भाजपा पार्षद राधेश्याम ढल, सुरेश किराड़, पूर्व पार्षद अशोक खुराना, पालिका बाजार के प्रधान गुलशन निझावन, किला रोड के व्यापारी नेता दीपक पुनियानी, हैप्पी अनेजा व अन्य सैकड़ों कार्यकर्ता थाने में पहुंचे गए। उनका आरोप है कि थाना प्रभारी ने संतोषजनक जवाब नहीं दिया। इसके बाद डीएसपी महेश कुमार आए। उन्होंने भी लिखित शिकायत ली, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की। थाना प्रभारी पिछले रास्ते से बाहर चले गए। इससे नाराज भाजपा कार्यकर्ता एसपी आवास के बाहर धरने पर बैठ गए। सुबह करीब चार बजे तक हंगामा चलता रहा।
डीएसपी डॉक्टर रवींद्र मौके पर पहुंचे और भाजपा कार्यकर्ताओं से बात की। साथ ही भरोसा दिया कि सुबह एसपी से बात करके कार्रवाई करेंगे। जांच के लिए कम से कम दो दिन का समय दिया जाए। इसके बाद भाजपा कार्यकर्ता शांत हुए और घर चले गए।
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सिविल लाइन थाना प्रभारी को छुट्टी पर भेज दिया है। उनकी जगह अतिरिक्त थाना प्रभारी एसआई सुरेंद्र सिंह थाने की कमान संभालेंगे। साथ ही मामले की जांच पड़ताल की जा रही है। जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
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डॉ.रवींद्र कुमार, डीएसपी
मैं चुनावी ड्यूटी के चलते जालंधर आया हुआ हूं। भाजपा कार्यकर्ता से अभद्र व्यवहार का पता चला है। इस तरह का व्यवहार बर्दाश्त नहीं होगा। पुलिस अधिकारियों को अपना व्यवहार सुधारना चाहिए।
मनीष ग्रोवर, पूर्व मंत्री
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