यशपाल सिंह, सेवानिवृत्त प्राचार्य व बायोलॉजी शिक्षक।
रोहित राठौर
रोहतक। सेक्टर-3 निवासी यशपाल सिंह ने लगातार 26 साल तक जीव विज्ञान पढ़ाकर उनका भविष्य संवारा है। हर साल बायोलॉजी विद्यार्थियों का परिणाम लगभग 100 प्रतिशत परिणाम रहा है। यशपाल सिंह ने शिक्षक के रूप में जहां सेवाएं दीं, वहीं विद्यालय के वातारण को पठनीय बनाने के लिए सहयोग दिया।
जिले के कंसाला, गांधीनगर, भिवानी रोड, सिंहपुरा व लाखन माजरा के राजकीय स्कूलों में बायोलॉजी के शिक्षक रहे यशपाल सिंह विद्यार्थियों के यादगार बने हैं।
यशपाल ने बताया कि उनसे पढ़े आठ बच्चों को चिकित्सा के क्षेत्र में सरकारी और गैर सरकारी पद मिला है।