रेवाड़ी। पुलिस को दी शिकायत में कंपनी बाग निवासी अनिल ने बताया कि 11 मई को वह एक व्हाट्सएप ग्रुप में जुड़ा था। व्हाट्सएप ग्रुप में उसकी एक एडमिन से बात हुआ करती थी। बताया कि गूगल रिव्यू के बदले उसे पैसे मिलेंगे। रिव्यू के बदले उसको सबसे पहले डेढ़ सौ रुपये उसके अकाउंट में भेज दिए। तब व्हाट्सएप ग्रुप के एडमिन ने उसे टेलीग्राम पर ऐड कर लिया। उसके बाद उसने पहली बार 7200 रुपये भेजे। तब उसको एक टास्क दिया गया फिर उसे कहा गया कि उसे 72 हजार रुपये मिलेंगे। उसके लिए उसे खुद कुछ पैसे भेजने होंगे। बाद में जब उसने पैसे भेजे तो उसे 71 हजार पूरी रकम मांगी गई। पीड़ित ने कहे अनुसार राशि भेज दी। धीरे-धीरे करते उसने कई किस्तों में करीब 5 लाख रुपये भेज दिए। फिलहाल पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। संवाद