जिले में ठंड का असर बरकरार है। बुधवार रात तक रुक रुककर हुई बूंदाबांदी का असर वीरवार को भी रहा। सुबह से सर्द हवा चलने के साथ अधिकांश समय आसमान में बादल छाए रहे। बावल स्थित कृषि विज्ञान केंद्र में क्षेत्रिय अनुसंधान केंद्र के रीजनल डायरेक्टर डॉ. धर्मबीर के अनुसार 9 जनवरी तक बारिश की संभावना है। ठंड बढ़ने से लोग दिनभर गर्म कपड़ों में लिपटे रहे तो कुछ लोग अलाव का सहारा लेकर सर्दी से बचाव का प्रयास करते रहे। वीरवार को अधिकतम 18 और न्यूनतम तापमान 9.5 डिग्री सेल्सियस रहा। बुधवार को अधिकतम 15 और न्यूनतम 10.2 डिग्री सेल्सियस था। इससे पहले मंगलवार को अधिकतम 24.4 और न्यूनतम छह डिग्री सेल्सियस था। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार बूंदाबांदी और बारिश से फसलों के लिए फायदा होगा। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने भी लोगों से एहतियात बरतने की सलाह दी है। नागरिक अस्पताल के फिजिशियन डा. रणबीर सिंह का कहना है कि खांसी, जुकाम और वायरल बुखार के मामले बढ़ रहे हैं। अब बूंदाबांदी के बाद ठंड बढ़ने से वृद्ध और बच्चों को और ज्यादा एहतियात बरतने की जरूरत है। 24 घंटे के दौरान जिले के विभिन्न स्थानों पर बारिश हुई। इसमें कोसली और बावल में छह-छह मिलीमीटर बारिश हुई। इसके अलावा जाटूसना में पांच, रेवाड़ी में चार, धारूहेड़ा और नाहड़ में तीन-तीन, परखोत्तमपुर में ढाई और पाल्हावास और डहीना में दो-दो मिलीमीटर बारिश हुई।