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Rewari News: छह और डेंगू संक्रमित मिले

Sun, 22 Sep 2024 04:32 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
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फोटो: 30 रेवाड़ी। डेंगू मच्छर के रोकथाम के लिए जमा पानी में दवाई डालते स्वास्थ्य कर्मी। स्रोत
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संवाद न्यूज एजेंसी
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रेवाड़ी। जिले में शनिवार को छह और डेंगू संक्रमित मरीज पाए गए। इनमें कोसली से दो, गांव कुंभावास, चांदपुर, बांबड़ मुरादपुर व शहर के विजय नगर से एक-एक केस शामिल हैं। मरीजों में से दो मरीजों को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अब जिले में डेंगू पीड़ितों की संख्या 60 हो गई है।
जिले में डेंगू के केस लगातार बढ़ते जा रहे हैं। इसको लेकर स्वास्थ्य विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है। मच्छरों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग ने नया तरीका अपनाया है। जहां जलभराव है, वहां विभाग मिट्टी में काला तेल मिलाकर उसके गोले डलवा रहा है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से टीम गठित की गई है। यह टीम रोज घर-घर जाकर लोगों को डेंगू की रोकथाम के उपाय बता रही है। वहीं, जहां लार्वा मिल रहा है, वहां लोगों को नोटिस तक दिए जा रहे हैं।
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हेल्थ इंस्पेक्टर विरेंद्र यादव ने बताया कि सभी स्वास्थ्य निरीक्षकों को जलभराव वाले स्थान पर मिट्टी में काला तेल मिलाकर उसके गोले बनाकर पानी में फेंकने के निर्देश दिए गए हैं। ऐसा करने से पानी के ऊपर तेल की परत फैल जाएगी जिससे की मच्छर का लार्वा पैदा नहीं होगा। वहीं टैमीफाॅस व काला तेल डलवाए जा रहे हैं ताकि मच्छर न पनप सकें।

241 तालाबों में डाली 12 हजार गंबुजिया मछली
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जिले के 241 तालाबों में करीब 12 हजार गंबुजिया मछलियां डाली गई हैं। यह मछलियां मच्छरों के लार्वा को नष्ट करती हैं। उन्हें खुले पानी में पनपने से रोकती हैं। एक अध्ययन के मुताबिक एक मछली प्रतिदिन कम से कम 100 से 300 मच्छरों के लार्वा को खाती है। जिले में साफ पानी के तालाबों मछलियां डाली गई हैं।
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बुखार होने पर डॉक्टर की सलाह अवश्य लें
सिविल सर्जन डॉ. सुरेंद्र यादव ने लोगों से ड्राई डे मनाने और पानी के बर्तनों, कूलर, टंकी, फ्रिज-ट्रे, गमलों को खाली कर सुखाने की अपील की है ताकि मच्छर के अंडे मर जाएं। डेंगू पर नियंत्रण के लिए घरों के आस-पास गड्ढे को मिट्टी से भरवा दें। पूरी बाजू के वस्त्र पहनें, मच्छर रोधी दवा या क्रीम का उपयोग करें। कीटनाशक दवाई से उपचारित मच्छरदानी का उपयोग करें, छतों पर रखी पानी की टंकियों को ढक्कन लगाकर बंद रखें। बुखार आने पर डॉक्टर की सलाह अवश्य लें।
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