रेवाड़ी। शहर के राज इंटरनेशनल स्कूल में शनिवार को कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। इसके अंतर्गत द्वितीय अंतर विद्यालय काव्य पाठ प्रतियोगिता भी आयोजित कराई गई। इसमें विभिन्न स्कूलों से आए विद्यार्थियों को काव्य रचनाओं के माध्यम नई सीख मिली। इसके साथ ही हॉस्य और व्यंग्य की फुलझड़ियां भी छूटीं। विद्यार्थियों में हिंदी भाषा के प्रति प्रेम जगाने और इसका महत्व बताने के उद्देश्य से यह कार्यक्रम कराया गया। काव्य पाठ प्रतियोगिता में कक्षा नौवीं और दसवीं वर्ग में डीएवी स्कूल की छात्रा श्रेया और अरावली इंटरनेशनल स्कूल के छात्र कार्तिक प्रथम रहे।
इस दौरान राज इंटरनेशनल स्कूल की तान्या और स्वामी उमा भारती स्कूल से बिंदु द्वितीय, जबकि जीडी गोयनका स्कूल का छात्र स्पंदन व आरपीएस इंटरनेशनल रेवाड़ी की छात्रा अनन्या दुबे तृतीय स्थान पर रहीं। इसके अलावा डीपीएस से छात्रा लविषा गुप्ता एवं विवेकानंद स्कूल की छात्रा तमन्ना को सांत्वना पुरस्कार मिला। उधर, दूसरे वर्ग में कक्षा 11वीं व 12वीं के विद्यार्थी शामिल हुए, जिनमें से अरावली इंटरनेशनल स्कूल की छात्रा साक्षी ने प्रथम, राज इंटरनेशनल स्कूल की छात्रा परिना ने द्वितीय व डीपीएस स्कूल से छात्रा वनिका और आरपीएस रेवाड़ी की छात्रा मेघा तृतीय स्थान पर रही। जबकि ऋषि पब्लिक स्कूल धारूहेड़ा की छात्रा साक्षी और यूरो इंटरनेशनल स्कूल की छात्रा दीपिका को सांत्वना पुरस्कार मिला।
प्रतियोगिता में शहर के सैनी पब्लिक स्कूल, सरस्वती विद्या निकेतन सीनियर सेकेंडरी स्कूल, डीपीएस, स्वरांजलि पब्लिक स्कूल, चैतन्या टेक्नो स्कूल, ऋषि वर्ल्ड स्कूल धारुहेड़ा, आरपीएस इंटरनेशनल धारुहेड़ा, स्वामी उमा भारती पब्लिक स्कूल, आरपीएस इंटरनेशनल रेवाड़ी, अरावली इंटरनेशनल स्कूल, डीएवी पुलिस पब्लिक स्कूल, ऋषि पब्लिक स्कूल जौनावास, जैन पब्लिक स्कूल, सैनिक स्कूल रेवाड़ी, जीडी गोयनका पब्लिक स्कूल, राव लाल सिंह स्कूल, हरिसिंह स्कूल, सतीश पब्लिक स्कूल, विवेकानंद स्कूल, प्रथम इंटरनेशनल स्कूल, यूरो इंटरनेशनल स्कूल, ऋषि पब्लिक स्कूल गुरुग्राम, आरपीएस रेवाड़ी, जीआर इंटरनेशनल स्कूल, यूरो इंटरनेशनल स्कूल धारूहेड़ा के बाल प्रतिभागी बाल काव्य पाठ में शामिल हुए। इस क्षेत्र के ख्यात कवियों की उपस्थिति में इन बच्चों ने काव्य पाठ किया।
इस दौरान कार्यक्रम में पहुंचे अतिथियों का स्कूल चेयरमैन राजेन्द्र सैनी, निदेशक नवीन सैनी, जितेंद्र सैनी और हेमंत सैनी ने स्वागत किया। स्कूल समन्यवक निशा यादव के मार्गदर्शन वाले इस कार्यक्रम में हिंदी शिक्षक यशबीर चौधरी व संतोष ने मंच संचालन किया। बाल कवियों एवं विख्यात कवियों ने रचनाएं सुनाईं। इस मंच से प्राचार्य अनिल मखीजा ने कहा कि आजकल हम बच्चों पर अंग्रेजी भाषा बोलने पर ज्यादा जोर देते हैं, जिसकी वजह से हमारी मातृभाषा हिंदी कहीं न कहीं दरकिनार हो जाती हैं, हमें अपनी मातृभाषा को उचित सम्मान देना होगा, नहीं तो हम अपनी संस्कृति व संस्कारों को खोते चले जाएंगे। मेजबान स्कूल के निदेशक नवीन सैनी, जितेंद्र सैनी और हेमंत सैनी ने सभी प्रतिभागियों एवं निर्णायक मंडल का आभार जताया। उन्होंने कहा कि हम आशा करते हैं कि आप सभी हमारे विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा स्रोत हैं और भविष्य में भी अपना मार्गदर्शन देते रहेंगे।
निर्णायक मंडल के सदस्यों ने सुनाईं कविताएं
निर्णायक मंडल में वरिष्ठ कलमकार प्रो. रमेशचंद्र शर्मा, पीडीएस कॉलेज कनीना से प्रवक्ता डॉ. लाज कौशल, साहित्यकार सत्यवीर नाहाड़िया और केएलपी कॉलेज से प्रवक्ता मुकुट अग्रवाल शामिल रहे। विशेष अतिथि लेखिका अंजलि गुप्ता छाबड़ा और हॉस्य कवि आलोक भांडोरिया भी इस मौके पर उपस्थित रहे। निर्णायक मंडल के सदस्यों ने अपनी विशिष्ट शैली में अपनी कविताएं सुनाई। साहित्यकार आरसी शर्मा ने अपनी रचना के माध्यम से विद्यार्थी जीवन में गुरु के महत्व को समझाया। सत्यवीर नाहड़िया ने आजादी के अमृत महोत्सव पर कविता सुनाई। अंजलि और लाज कौशल ने नारी शक्ति पर जोर दिया। हॉस्य कवि आलोक भांडोरिया ने मोबाइल के इस्तेमाल पर व्यंग्य भरी फुलझड़ियां छोड़ी। कविता पाठ दो समूहों में कराया गया।